वाराणसी से बिना बताए आई दो नाबालिग बहनें हरिद्वार में ऑटो रिक्शा चालक की हवस का शिकार हो गई जबकि उनकी रिश्ते की बहन जैसे तैसे बच निकली। घर जाने के बाद उसने इसकी जानकारी परिजनों को दी। परिजनों के साथ यहां पहुंचने पर पूरे घटनाक्रम का खुलासा हुआ।
पुलिस ने कनखल के जगजीतपुर गांव से एक बहन को बरामद करने के साथ आरोपी ऑटो रिक्शा चालक, उसके जीजा और एक आश्रम के कर्मचारी को हिरासत में ले लिया है। दूसरी बहन की तलाश की जा रही है। बुधवार देर शाम वाराणसी के मडुवाडीह क्षेत्र के एक गांव की एक नाबालिग अपने परिजनों के साथ हरिद्वार पहुंची।
हरिद्वार कोतवाली पुलिस को उसने बताया कि वह अपने रिश्ते की दो सगी बहनों के साथ सात जनवरी को हरिद्वार पहुंची थी। रेलवे स्टेशन से निकलते ही ऑटो रिक्शा सवार दो युवकों से उनकी मुलाकात हुई। कमरा दिलाने के बहाने युवक उन्हें श्रवणनाथ नगर के कबीर आश्रम में ले गए। आश्रम में उन्हें कमरा दिया गया।
उसने बताया कि हिमांशु और वासु नाम के दो युवक जबरन उसकी बहनों को उठाकर दूसरे कमरों में ले गए। इसी बीच उसके कमरे में सतवीर नाम का एक व्यक्ति आया और उसने जबरदस्ती करनी चाही लेकिन फिर वह चला गया। सुबह के वक्त जब उसकी मुलाकात बहनों से हुई तो उन्होंने बताया कि युवकों ने उनके साथ दुष्कर्म किया है।