दहेज उत्पीड़न के मामले में अदालत ने मां और बेटे को एक-एक साल के कारावास की सजा सुनाई है। दोनों पर पांच-पांच हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। मामले में तीसरे आरोपी ससुर की सुनवाई के दौरान मौत हो गई थी।
विकासनगर कोतवाली में गुरुप्रीत कौर ने 2012 में पति, सास और ससुर के खिलाफ दहेज उत्पीड़न का मुकदमा दर्ज कराया था। मुकदमे के अनुसार उसकी शादी मनदीप निवासी भीमावाला डाक्टर गंज विकासनगर के साथ नवंबर 2011 में हुई थी। आरोप लगाया था कि शादी के बाद से उसे दहेज के लिए प्रताड़ित किया जा रहा था।
दहेज में कार और पांच लाख रुपये की मांग पूरी न होने पर उसे मारपीट कर घर से निकाल दिया गया। मामले में पति मनदीप, सास सुरेन्द्र कौर और ससुर प्रीतपाल को नामजद कराया गया था। इस मामले की सुनवाई अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट चतुर्थ की कोर्ट में हुई।
शासकीय अधिवक्ता भारत भूषण गुप्ता ने बताया कि अदालत ने अभियोजन पक्ष के तर्कों को सही मानते हुए मनदीप और उसकी मां सुरेन्द्र कौर को एक-एक साल की सजा सुनाई है। पांच-पांच हजार का जुर्माना अदा ना करने पर दो माह का अतिरिक्त कारावास झेलना पडे़गा।