युवक-युवती की नृशंस हत्या कर शव नानकसागर डैम में फेंकने के मामले में बरेली से आए दोनों के परिजनों ने मृतकों की शिनाख्त विजयपाल गंगवार और निशा शर्मा के रूप में की हैं। पुलिस ने भी इसकी पुष्टि कर दी है।विजय के पिता बालकराम ने नानकमत्ता पुलिस को तहरीर सौंपकर बनबसा स्थित धस्माना नर्सिंग होम के स्वामी और स्टाफ की मिलीभगत से डॉ. एचपी सिंह पर हत्या करने का आरोप लगाया है। पुलिस मामला दर्ज कर दोनों नामजद आरोपियों सहित तीन से पूछताछ कर रही है। युवती के पिता का आरोप है कि धस्माना अस्पताल के कथित तहखाने का राज खुलने के डर से उसकी बेटी की हत्या कर दी गई।गत 8 सितंबर की सुबह नानकसागर डैम किनारे युवक युवती की नग्न और सिर, हाथ-पैर कटी लाशें बरामद हुई थीं। अगले दिन खकरा नाले से काली पालीथिन में सिर भी मिले थे। 17 सितंबर को सिद्धार्थनगर बरेली निवासी बालकराम, पत्नी मुन्नी देवी और छोटे पुत्र वीरपाल गंगवार पहुंचे उन्होंने विजयपाल के रूप में पहचान की।उधर, मृतका के पिता पोसाकी लाल शर्मा, माता कलावती ने भी पहुंचकर कपड़े और अन्य बरामद सामान के आधार पर अपनी पुत्री निशा शर्मा के रूप में शिनाख्त की।
अस्पताल के डॉक्टर पर लगाया हत्या का आरोप
मृतक विजय के पिता बालकराम ने नानकमत्ता पुलिस को सौंपी तहरीर में कहा कि उसका पुत्र विजय और निशा उत्सव महानगर कालोनी बरेली निवासी डॉक्टर हरेंद्रपाल सिंह के साथ बनबसा स्थित धस्माना नर्सिंग होम में काम करते थे। तीनों साथ में रहते थे।उसके बेटे की आखिरी बार 5 सितंबर को रात्रि 8:30 बजे पुत्रवधू से मोबाइल पर बात हुई थी। उसके बाद कोई संपर्क नहीं हुआ।इस पर उनका छोटा बेटा वीर पाल अस्पताल पहुंचा और जानकारी करने पर मालिक आशीष धस्माना ने बताया कि विजय और निशा 6 सितंबर को ही चले गए हैं। साथ ही बताया कि कुछ देर पहले डॉ. हरेंद्र पाल सिंह भी बिना नंबर की एस्कोडा कार से रवाना हुए हैं। उसी दिन तीनों का आपस में विवाद भी हुआ था।धस्माना ने डॉ. सिंह और निशा के बीच अवैध संबंध होने व तीनों के एक ही कमरे में रहने की बात बताई थी। बालकराम ने आरोप लगाया कि विजय और निशा की हत्या डॉ. हरेंद्र पाल सिंह ने की है अथवा कराई है।
अस्पताल में छापा, पुलिस ने ओढ़ी खामोशी
उन्होंने मामले में अस्पताल स्वामी और नर्सिंग स्टाफ की मिलीभगत की आशंका भी व्यक्त की है। सहायक पुलिस अधीक्षक टीडी वैला ने बताया कि हत्याकांड का खुलासा करने के लिए सर्विलांस की मदद से अहम जानकारियां जुटाई जा रही हैं। इस घटना में अब तक दर्ज विभिन्न बयानों का मिलान कर निष्कर्ष निकाला जा रहा है।सीओ जेआर जोशी ने बताया कि परिजनों से मिली जानकारी के आधार पर की गई जांच पड़ताल व संदिग्धों से पूछताछ के बाद घटना के शीघ्र खुलासे की संभावना है। थानाध्यक्ष अरुण कुमार ने कहा कि इस मामले में पहले से दर्ज मुकदमे में परिजनों की तहरीर भी दर्ज कर ली गई है। मामले में आरोपी डॉक्टर और अस्पताल के स्वामी से पूछताछ की जा रही है।उधर, बनबसा से मिली जानकारी के मुताबिक नानकमत्ता पुलिस मृतक युवक-युवती के परिजनों को लेकर देर रात बनबसा पहुंची और धस्माना अस्पताल में छापेमारी की। हालांकि पुलिस ने फिलहाल कुछ भी बताने से इंकार किया है।