छह दिन पूर्व हुए राजवती हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा करते हुए उसके प्रेमी को गिरफ्तार कर लिया है। अवैध संबंधों की बात पत्नी को पता चली तो उसने अपनी प्रेमिका को मौत के घाट उतार दिया।
पुलिस के अनुसार, आरोपी ने अपना जुर्म कुबूलते हुए बताया कि हत्या से पूर्व उसने महिला के साथ संबंध बनाए थे। उसके बाद गंड़ासे से चार वार कर उसकी हत्या कर दी। वह महिला की हत्या के बाद खुदकुशी करना चाहता था, लेकिन परिवार का ख्याल आने पर उसने अपना इरादा बदल दिया।
कोतवाली में बृहस्पतिवार को पत्रकार वार्ता में एसएसपी डॉ. सदानंद दाते ने हत्याकांड का खुलासा किया। बताया कि 11 अगस्त की दोपहर ग्राम कासमपुर निवासी राजवती (55) पत्नी हरस्वरूप की गन्ने के खेत में गंड़ासे से हमला कर हत्या की गई थी। मृतका के पति हरस्वरूप ने गांव के ही संजू, अभिषेक, दिनेश और ओमपाल पर हत्या करने का शक जाहिर करते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने चारों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया, लेकिन उनकी संलिप्तता नहीं पाई गई। इस बीच जांच में पुलिस को पता चला कि खेत स्वामी घनेंद्र (35) जिसकी कृषि भूमि पर मृतका ने धान और गन्ने की फसल चौथाई पर लगा रखी थी, वह घटना के दिन से फरार है।
दो महिलाओं ने भी उसे घटना के दिन खेत से भागते हुए देखा था। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने ग्राम मुरलीवाला के पास घनेंद्र को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ करने पर उसने बताया कि मृतका और उसके बीच पांच वर्षों से अवैध संबंध थे। इस बारे में उसकी पत्नी को मालूम हो गया था। घटना के दिन सुबह उसकी पत्नी और उसके बीच अवैध संबंधों को लेकर झगड़ा भी हुआ था और पत्नी ने उसे ताना दिया था कि वह मर क्यों नहीं जाता। इसके बाद वह प्रेमिका को मारने और खुद आत्महत्या करने के मकसद से गंड़ासा लेकर खेत पर पहुंचा। वहां उसने राजवती को अपने पति के साथ धान के खेत में काम करते देखा।
पति साथ में होने के कारण कई बार इशारा करने के बाद वह गन्ने के खेत के पास उसके पास आई। आरोपी के मुताबिक उसने राजवती से संबंध बनाए। इसके बाद गंड़ासे से वार कर उसकी हत्या कर दी। घटना को अंजाम देने के बाद घनेंद्र खुद भी बस या ट्रक के नीचे आकर आत्महत्या करना चाहता था, लेकिन हिम्मत नहीं जुटा पाने और परिवार का ख्याल आने पर रुक गया और अपनी बुआ के गांव चमरपुरा (यूपी) चला गया। बुधवार शाम पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर उसकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त गंड़ासा बरामद कर लिया।