मेरी नौ बेटियां हैं। चौथे नंबर की बेटी को मैने खुद तीन साल पहले मैडम के घर भेजा था ताकि वह पढ़ लिख जाए और उसकी परवरिश ढंग से हो जाए। पिता ने कहा कि सोमवार को एसएसपी ने मुझे इस संबंध में जानकारी दी, तब मैं यहां पहुंचा हूं।
बेटी के मेडिकल में चोटों के निशान पर पिता बोला कि, बेटी को पहले की चोट लगी होगी। हाल ही में मैडम के आवास में बेटी के अमरूद के पेड़ से गिरने की बात भी पता चली थी। दो दिन पूर्व बेटी से बात हुई थी, वह खुश थी।
हेमचंद्र दानी बताया कि कभी भी बेटी ने किसी तरह से प्रताड़ित करने की बात नहीं बताई। किसी कानूनी पचड़े में न पड़ने की बात कहते हुए पिता ने कहा कि वह बेटी से बात करेंगे, पूछेंगे कि यहां रहना चाहती है या नहीं, जैसी उसकी मर्जी होगी वैसा ही होगा। हेमचंद्र दानी ने बताया कि बेटी से मेरी मुलाकात नहीं हो पाई है। सिडकुल थाने गया था जहां मेरी बेटी के सीडब्ल्यूसी (चाइल्ड वेलफेयर कमिश्न) के पास होने की बात कही।