उत्तराखंड के भगवानपुर में अपने एक साथी के साथ खुब्बनपुर गांव की एक लड़की का अपहरण करने पहुंचे एक मंत्री के गनर तथा उसके साथी को ग्रामीणों ने धर दबोचा। दोनों को मकान में बंधक बनाकर बुरी तरह से मारा पीटा।
दोनों को छुड़ाने पहुंची थाना पुलिस से भी ग्रामीणों की हाथापाई हुई। लड़की के पिता की ओर से दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने के लिए तहरीर दी गई है। हिरासत में लिया गया पुलिसकर्मी दिवंगत समाज कल्याण मंत्री सुरेंद्र राकेश की सुरक्षा ड्यूटी में तैनात बताया गया है, जो मूल रूप से देहरादून का रहने वाला है और इन दिनों परिवार के साथ भगवानपुर में ही रहता है।
शनिवार की दोपहर करीब 12 बजे खुब्बनपुर गांव निवासी एक ग्रामीण के घर में दिवंगत समाज कल्याण मंत्री का गनर असद निवासी नेहरू नगर कालोनी देहरादून अपने एक अन्य साथी योगेंद्र पुत्र मंगल निवासी पिन्ना जिला मुजफ्फरनगर के साथ घुस गया। आरोप है कि दोनों घर में मौजूद युवती के अपहरण का प्रयास कर रहे थे।
युवती पर तेजाब फेंकने की भी धमकी दी
इस दौरान परिजनों और आसपास के ग्रामीणों ने उन्हें घेर लिया। आरोप है कि इस दौरान आरोपियों ने परिजनों को जान से मारने और युवती पर तेजाब फेंकने की भी धमकी दी। इस पर लोगों ने दोनों को घेर लिया और कमरे में बंधक बनाकर लाठी-डंडों से बुरी तरह पीटा। इसके बाद गली में खींचकर भी मारपीट की गई।
सूचना मिलने पर भगवानपुर पुलिस पहुंची और उन्हें छुड़ाने का प्रयास किया, जिस पर ग्रामीणों की पुलिस के साथ भी हाथापाई हुई। आसपास के थानों की पुलिस बुलाकर मामला शांत कराया गया। इसके बाद दोनों को छुड़ाकर थाने लाया गया।
एसपी देहात प्रमेंद्र डोबाल, एएसपी प्रहलाद नारायण मीणा, सीओ जीबी पांडे ने भी थाने पहुंचकर मामले की जांच की। बताया गया है कि मूल रूप से देहरादून पुलिस में तैनात गनर असद पिछले काफी समय से समाज कल्याण मंत्री की ड्यूटी में तैनात था। वहीं दूसरा आरोपी भी यहीं रहकर कारोबार करता है।
देर शाम युवती के पिता की ओर से दोनों आरोपियों के खिलाफ तहरीर दी गई है। सीओ जीबी पांडे ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।