पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम नौशाद (पुत्र यूसुफ निवासी पठानपुरा मोहल्ला, कोतवाली मंगलौर) बताया। आरोपी नौशाद ने बताया कि वह डेढ़ साल पूर्व भी रिश्तेदारी में एक 12 वर्षीय किशोरी से दुष्कर्म कर चुका है। अभी भी उसकी दुष्कर्म कर बच्ची की हत्या की योजना थी। एसपी देहात मणिकांत मिश्रा और सीओ एसके सिंह ने प्रेस कांफ्रेंस के दौरान चौकीदार मोहसीन (पुत्र यासीन निवासी जौरासी) का आभार जताया और कहा यदि इसी तरह हर नागरिक अपने आसपास होने वाली घटनाओं के प्रति सचेत रहे तो आपराधिक घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सकता है।
आरोपी का दो साल पहले हो चुका है तलाक
-एसपी देहात ने बताया कि आरोपी की करीब दो साल पहले शादी हुई थी। शादी के ढाई माह बाद दोनों में तलाक हो गया। बताया जाता है कि आरोपी मानसिक रूप से विकृत है। सीओ एसके सिंह ने बताया कि आरोपी ने डेढ़ साल पहले भी रिश्तेदारी में एक किशोरी से दुष्कर्म किया था, लेकिन पीड़िता के परिजनों ने लोकलाज के चलते आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज नहीं कराया था।
चौकीदार फोन न करता तो बढ़ जाती मुश्किलें
प्रेस कांफ्रेंस में पुलिस ने माना, चौकीदार नौशाद यदि समय रहते सूचना न देते तो बच्ची के साथ अनहोनी हो सकती थी। घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए सोमवार रात ही एसएसपी कृष्ण कुमार वीके कोतवाली सिविल लाइंस पहुंचे। उस जगह को भी देखने गए जहां से बच्ची को बरामद किया गया था।