रुड़की रेलवे स्टेशन से सटी शक्ति विहार कॉलोनी स्थित एक आश्रम में करीब दो दशकों से रह रहे साधु नानूनाथ उर्फ मामचंद (75) और उनके पास रहने वाली महिला संत कलावती (60) की मंगलवार की रात को हत्या कर दी गई।
दोनों के शव आश्रम में पड़े पाए गए। पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। प्रथमदृष्टया मामला जहर देने का माना जा रहा है। देर शाम पोस्टमार्टम के बाद उनके शव परिजनों को सौंप दिए गए।
गंगनहर कोतवाली क्षेत्र की शक्ति विहार कॉलोनी में छोटा सा आश्रम बनाकर रह रहे बाबा नानूनाथ और उनकी सहयोगी संत कलावती को मंगलवार रात किसी ने जहर दे दिया। जिससे दोनों की मौत हो गई।
घटना की जानकारी बुधवार सुबह उस समय हुई जब लोगों ने आश्रम दरवाजा खुला देखा और बाबा को आवाज लगाई। बाबा के नहीं बोलने पर लोगों ने अंदर जाकर देखा तो उनका शव बेड पर और महिला का शव फर्श पर पड़ा था।