अपनों की हत्या के आरोपी हरमीत पर अदालत ने आरोप तय कर दिया है। आरोप है कि देहरादून में हरमीत ने पिता, सौतेली मां, गर्भवती सौतेली बहन और उसकी बेटी की हत्या कर दी थी।
मामले में बहन के गर्भ में पल रहे शिशु की भी मौत हुई थी, इसीलिए हरमीत पर पांच लोगों की हत्या का आरोप तय किया गया है। मामले की अगली सुनवाई 18 फरवरी को होगी।
मंगलवार को अभियोजन पक्ष ने अदालत में हरमीत के खिलाफ आरोपपत्र पेश किया। इसके मुताबिक दीपावली की रात हरमीत ने सोते समय चाकू से वार कर पिता जय सिंह (60), उनकी पहली पत्नी कुलवंत कौर (55), गोद ली बेटी हरजीत कौर (32), भांजी सुखमनी (3) की हत्या की थी। इस दौरान हरमीत ने हरजीत के छह साल के बेटे कंवल को भी गंभीर रूप से घायल कर दिया था।
आरोप तय होने के बाद अब गवाह और सबूत कोर्ट में पेश किए जाएंगे। हत्याकांड के बाद सबसे पहले शवों को देखने वाली नौकरानी, दोबारा शव देखने वाले रिश्तेदार, कानूनी कार्रवाई करने वाले पुलिसकर्मी से लेकर शवों का पोस्टमार्टम करने वाले डाक्टर बतौर गवाह कोर्ट में पेश होंगे। घटना के बाद डीआईजी ने ठोस सुबूत जुटाने के लिए विशेष टीम का गठन किया था।
यह था विवाद
शादी के बाद जय सिंह और कुलवंत कौर को बच्चा नहीं हो पाया था। इसलिए जय सिंह ने सहारनपुर की महिला से दूसरी शादी कर ली थी। इसी बीच उन्होंने हरजीत को गोद ले लिया था।
उधर, सहारनपुर में उनकी दूसरी पत्नी ने दो बच्चों को जन्म दिया। इनमें से एक हरमीत बाद में पिता के साथ देहरादून रहने लगा था। कुछ समय बाद संपत्ति को लेकर दूसरी पत्नी और जय सिंह के बीच विवाद हो गया। यह मामला अदालत भी पहुंचा। समझौता होने पर जय सिंह ने दूसरी पत्नी को 22 लाख रुपए का भुगतान किया था।
जय सिंह की संपत्ति पर शुरू हुई कलह
जय सिंह की मौत के बाद उनकी संपत्ति को लेकर परिवार में कलह शुरू हो गई है। मंगलवार के एक पक्ष ने मिलकर एसएसपी से इस संबंध में शिकायत भी की।
हरजीत कौर के पति अरविंद सिंह ने एसएसपी को बताया कि हत्याकांड में घायल उनके बेटे कंवल काआपरेशन पीजीआई चंडीगढ़ में हुआ। वह बेटे को लेकर सोमवार को ससुराल पहुंचे तो वहां एक एक बैनर टंगा था। उस बैनर पर संपत्ति को ट्रस्ट को दान करने की बात लिखी गई थी।
उन्होंने बैनर हटाया तो दूसरे पक्ष के लोग भड़क गए और उनसे मारपीट की। आरोप लगाया कि वह मंगलवार को कोर्ट पहुंचे तो वहां भी दूसरे पक्ष की महिलाओं ने उनके साथ बदतमीजी की। उधर, सूत्रों का कहना है कि जय सिंह की करोड़ों की संपत्ति के कई दावेदार सामने आ रहे हैं। इस मामले में एक पक्ष की याचिका पर कोर्ट ने स्थगन आदेश पारित कर चुका है।