दो सहेलियां इस तरह एक दूसरे की जान की दुश्मन बन सकती है, कोई सोच नहीं सकता है।
पेट्रोलियम यूनिवर्सिटी की दो छात्राओं ने एक दूसरे से बढ़कर कारगुजारी को अंजाम दिया। एक ने वीडियो क्लिप तैयार कर व्हाट्स एप पर जारी कर दी तो दूसरी ने उसके अपहरण का प्रयास किया।
हाईप्रोफाइल इस मामले में सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने दो छात्राओं समेत पांच को हिरासत में लिया है।
फसाद की जड़ बना फेसबुक
पुलिस के मुताबिक पेट्रोलियम यूनिवर्सिटी में पढ़ने वाली सहारनपुर की इस छात्रा की दोस्ती फेसबुक के जरिए दिल्ली के रविश नाम के युवक से हो गई थी।
बसंत विहार में रहने वाली छात्रा की रुम पार्टनर और सहेली को भी उनकी दोस्ती की भनक थी, क्योंकि दिल्ली का यह दोस्त यहां आता रहता था।
रविश ने फेसबुक पर अपने बारे में गलत जानकारी पोस्ट कर दी थी, जिसमें उसने खुद को एक आला अफसर का बेटा बताया था।
छात्रा को इस बात का पता लगा तो उसने रविश से फ्रेंडशिप तोड़ दी।
अपने दोस्त की मदद से बनाया सहेली का MMS
यह बात रविश को नागवार गुजरी और उसने छात्रा की सहेली को विश्वास में ले लिया। यह विवाद छात्रा के घर तक पहुंचा तो परिजन उसे वापस सहारनपुर ले गए।
इसी बीच परीक्षा देने के लिए छात्रा फिर कॉलेज आ गई। आरोप है कि छात्रा को लगा कि यह पूरा ड्रामा उसकी सहेली द्वारा रचा गया है।
छात्रा ने अपने दोस्त की मदद से सहेली की उसके ब्याय फ्रेंड के साथ बंद कमरे में वीडियो क्लिप बना ली। बाकायदा व्हाट्स एप के जरिए उसे कॉलेज में भी प्रचारित कर दिया।
वृहस्पतिवार की रात को सहारनपुर की छात्रा बसंत विहार से गुजर रही थी। इसी बीच रविश ने उसकी सहेली और अपने दो साथियों के साथ उसे रोक लिया।
अपहरण के प्रयास का आरोप
हालांकि छात्रा का आरोप है कि उसके अपहरण का प्रयास किया गया है। 100 नंबर पर सूचना मिलते ही सक्रिय हुई पुलिस दोनों पक्षों को लेकर कैंट कोतवाली आ गई।
जहां पर एसपी सिटी नवनीत सिंह भुल्लर ने दोनों पक्षों से बातचीत की। देर रात तक गहमागहमी चलती रही।
अपहरण और वीडियो क्लिप के दो मुकदमे
एसपी सिटी नवनीत सिंह भुल्लर ने बताया कि यह बेहद गंभीर मामला है। इसमे दो मामले दर्ज कराए जा रहे है।
पहला मामला सहारनपुर के छात्रा के अपहरण केप्रयास का, जबकि दूसरा मुकदमा वीडियो क्लिप बनाने के आरोप में आईटी एक्ट में दर्ज किया जा रहा है।