चरस तस्करी के दोषी को अदालत ने पांच साल की कैद और 20 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड न देने पर दोषी को तीन महीने का अतिरिक्त कारावास काटना होगा। मामला सहसपुर थाना क्षेत्र का वर्ष 2007 का है।
अभियोजन के मुताबिक, एक दिसंबर 2007 को थाना सहसपुर के तत्कालीन एसओ भूपेंद्र सिंह को मुखबिर ने सूचना दी कि एक चरस तस्कर हरबर्टपुर चौक से आसन पुल की ओर पैदल आ रहा है। उसके पास नशे का सामान है।
मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर उसके कब्जे से एक किलो अवैध चरस बरामद की। पूछताछ में आरोपित ने अपना नाम ताजदीन निवासी तेलीवाला डोईवाला बताया। विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट विनोद कुमार की अदालत में हुई सुनवाई में अभियोजन की ओर से आठ गवाह पेश किए गए। आरोप साबित होने पर अदालत ने उसे सजा सुनाई।