गुरमुख सिंह के ऊपर पांच लाख से अधिक कर्ज है।
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उत्तराखंड के ऊधमसिंह नगर की सितारगंज तहसील परिसर में उस वक्त हड़कंप मच गया जब एक किसान ने परिसर में लगे पेड़ पर फंदा बांध दिया। भारतीय स्टेट बैंक के पांच लाख 41 हजार 807 रुपये के दो क्रॉप लोन के बकाएदार किसान ने तहसील परिसर में पीपल के पेड़ पर रस्सी का फंदा डालकर आत्महत्या करने की कोशिश की। लोगों ने उसे रस्सी के फंदे से निकालकर नीचे उतारा।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने किसान को हिरासत में लेकर कोर्ट में पेश किया। परगना मजिस्ट्रेट एपी बाजपेयी ने उसे जमानत पर रिहा कर दिया है। इधर, नगरवासियों ने तहसीलदार का घेराव कर रोष जताया।
सलमती गांव निवासी गुरमुख सिंह ने वर्ष 2012-13 में भारतीय स्टेट बैंक की सिसईखेड़ा शाखा से करीब दो अलग-अलग क्रॉप लोन लिए। जिसका गुरमुख पर तीन लाख सात हजार 718 एवं दूसरे लोन का दो लाख 34 हजार 89 रुपये बकाया है। बैंक द्वारा आरसी काटने के बाद चार दिन पहले तहसीलदार आरसी गौतम के नेतृत्व में टीम ने गुरमुख को पकड़ने के लिए उसके घर दबिश दी। गुरमुख के घर नहीं मिलने पर टीम उसके बेटे सुखविंदर सिंह की बाइक (यूके06एसी-8332) को जब्त कर तहसील ले आई।