चंदन को सेना की वर्दी से इतना प्यार था कि जब वह आर्मी न ज्वाइन कर पाया तो उसने जान दे दी। सुसाइड नोट में उसने लिखा आई लव आर्मी। पापा सॉरी, मैं जीना चाहता था। मैं आर्मी से बहुत प्यार करता हूं। मेरी किस्मत में न जाने क्या-क्या दुख लिखें हैं। इसीलिए मैंने अपनी जान दे दी। आर्मी के चक्कर में कई बार घर से भागा हूं। आज तो जान ही ले ली आर्मी ने। ये खत पीपलढींग गांव (हाल निवासी बिंदुखत्ता) के चंदन सिंह पुत्र दान सिंह ने जहर खाने से पहले लिखा था।
चंदन सिंह (20) पुत्र दान सिंह 25 अप्रैल से घर से गायब था। 27 अप्रैल को परिजनों ने लालकुआं थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। चंदन का शव कूमायाकूड़ा गधेरे से 400 मीटर नीचे पड़ा मिला था। शव से दुर्गंध आने लगी थी।
पुलिस की सूचना के बाद चंदन के परिजन शनिवार रात को पहुंचे। जहां डॉ. जितेंद्र जोशी ने पोस्टमार्टम कर शव परिजनों को सौंपा। पोस्टमार्टम में जहर खाने से मौत की पुष्टि हुई है।