कंबल कारोबारी अमित दीक्षित उर्फ गोल्डी हत्याकांड को अंजाम देने वाले शूटरों ने खुद खुलासा किया है कि उनका प्लान क्या था। अमित की हत्या उन्होंने गलती से कर दी। उनके निशाने पर तो ये विधायक और कांग्रेसी नेता था।
उस दिन हत्यारे प्रॉपर्टी डीलर सुभाष सैनी, कांग्रेसी नेता भोमेश श्रीकुंज और एक पूर्व विधायक की हत्या करनी थी। कुख्यात संजीव जीवा के गुर्गे विक्की ठाकुर ने ही ट्रिपल मर्डर का ताना बाना बुना था। इसके पीछे हरिद्वार शहर में अपनी बादशाहत कायम करना था, लेकिन तीनों ही बच गए।
निर्मला छावनी कालोनी में घर से निकलते ही कंबल कारोबारी अमित दीक्षित उर्फ गोल्डी की गोलियों से भूनकर हत्या कर दी थी। एसटीएफ, हरिद्वार पुलिस ने हत्याकांड से जब पर्दा उठाया था तब हर कोई सन्न रह गया था।
दरअसल कुख्यात संजीव जीवा के इशारे पर प्रॉपर्टी डीलर सुभाष सैनी की हत्या करने के इरादे से शूटर पहुंचे थे। उस दिन सुभाष सैनी भी कंबल कारोबारी के घर से चंद कदम की दूरी पर अपने एक परिचित के घर पर मौजूद था।
चूंकि सैनी और कंबल कारोबारी का हुलिया मिलता जुलता था इसलिए शूटरों ने भूल से कंबल कारोबारी की हत्या कर दी थी। प्रॉपर्टी डीलर के कत्ल की योजना जीवा के गुर्गे विक्की ठाकुर ने तैयार की थी। यही नहीं प्रॉपर्टी डीलर के बाद कांग्रेसी नेता भोमेश श्रीकुंज एवं एक पूर्व विधायक की भी हत्या करनी थी।
ये बात पुलिसिया पूछताछ में सामने आई थी लेकिन पुलिस ने तब से अब तक हिलाकर रख देने वाली जानकारी को छिपाया हुआ था। दरअसल, विक्की ठाकुर पूरे हरिद्वार में अपनी बादशाहत कायम करना चाहता था इसलिए उसने पूर्व विधायक को उड़ा देने का प्लॉन भी बनाया था।
कंबल कारोबारी हत्याकांड में विक्की ठाकुर, उसके भाई निक्की ठाकुर, परिचित हिस्ट्रशीटर रितेश शर्मा, एक शूटर मुजाहिद की गिरफ्तारी हुई थी लेकिन एक शूटर शाहरूख अभी तक हत्थे नहीं चढ़ा है।
कंबल कारोबारी हत्याकांड के बाद पचास हजार के इनामी शाहरुख ने वेस्ट यूपी में कई कत्ल किए है। कोतवाली प्रभारी चंद्रभान सिंह अधिकारी ने बताया कि पूर्व विधायक के कत्ल की योजना की बात सामने आई थी।