ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
नशे के खिलाफ मुहिम का दावा करने वाली पुलिस की नाक के नीचे ही बृहस्पतिवार को नशे का कारोबार फल-फूलता पकड़ा गया। बिंदाल पुलिस चौकी के पास रखे एक पान के खोखे से काफी तादाद में चरस और गांजा बरामद किया गया। कार्रवाई का वीडियो बना रहे युवकों ने पुलिस पर अभद्रता का आरोप लगाया है। वहीं बिंदाल पुलिस चौकी की कार्रवाई के बावजूद भूमिका पर सवाल उठने लाजमी हैं।
कैंट कोतवाली की बिंदाल पुलिस चौकी के पास मनीष का पान का खोखा नशा (चरस और गांजा) बेचने को लेकर सुर्खियों में रहा है। पहले भी पान के खोखे से नशे का सामान बरामद हो चुका है। अधिकारियों के निर्देश पर बृहस्पतिवार को बिंदाल चौकी पुलिस ने खोखे की तलाशी ली तो यहां से 322 ग्राम चरस और 440 ग्राम गांजा बरामद हुआ। इसी कार्रवाई के बीच कुछ युवक वीडियो बनाने लगे तो पुलिसकर्मी अभद्रता करने लगे। इसके बाद पुलिस खोखा संचालक मनीष और उसके भाई नितिन को पकड़ कर कैंट कोतवाली ले गई। कैंट पुलिस ने बताया कि एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर दोनों भाइयों का चालान किया जाएगा। पुलिस अधीक्षक नगर श्वेता चौबे का कहना है कि उन्हें किसी की तरफ से पुलिसकर्मियों द्वारा अभद्रता की शिकायत नहीं मिली है। यदि शिकायत मिलती है तो जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।
बता दें, बिंदाल का यह इलाका मादक पदार्थों की तस्करी का गढ़ माना जाता है। बिंदाल पुलिस चौकी के पास ही पान के खोखे से गांजा और चरस की बिक्री पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाने के लिए काफी है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि चौकी पुलिस अभीतक शिकायतों की अनदेखी कर रही थी। यदि ऐसी कार्रवाई पहले ही होती तो आरोपी पकड़े जाते। लोगों ने पुलिस चौकी के पास नशा बेचने के मामले की जांच कराने की मांग की है।