ब्यूरो/अमर उजाला/ऋषिकेश।
ओमान के मस्कट शहर में दिल का दौरा पड़ने से घनसाली स्थित जखाणा गांव निवासी सुंदर सिंह राणा की मौत पांच दिन पूर्व मौत हो गई थी, लेकिन कंपनी सुंदर का शव भेजने में आनाकानी कर रही है। इससे परेशान परिजन और ग्रामीणों ने प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री से सहायता की गुहार लगाई है। ग्रामीणों ने शुक्रवार को देहरादून पहुंचकर मुख्यमंत्री से सहायता मांगी।
देहरादून रोड स्थित एक होटल ठहरे सुंदर सिंह राणा के भाई भगवान सिंह राणा ने बताया कि उनका भाई ओमान के मस्कट शहर में एक कंपनी में काम करता था। बीते पांच मार्च को दिल का दौरा पड़ने से उसकी मस्कट में मौत हो गई थी। कंपनी ने पोस्टमार्टम कराने के बाद 7 मार्च को शव दिल्ली एयरपोर्ट भेजने की बात कही। इसके बाद वह परिजनों के साथ दिल्ली एयरपोर्ट पर पहुंचे, लेकिन कंपनी ने कुछ दिनों तक शव भेजने में असमर्थता जता दी है। राणा के अनुसार ओमान दूतावास से बातचीत के लिए फोन से संपर्क साधने की कोशिश की, लेकिन दूतावास में फोन रिसीव नहीं किया गया। राणा के अनुसार शव के अंतिम संस्कार के लिए परिजन कई दिनों से ऋषिकेश में रुके हुए हैं।