ब्यूरो/अमर उजाला, मसूरी।
टिहरी बाईपास एनएच 707 ए पर आईडीएच भवन के नीचे से मोटरमार्ग का पुश्ता तोड़े जाने पर स्थानीय लोगों ने आक्रोश जताया है। उन्होंने हाइवे प्राधिकरण के अधिशासी अभियंता का घेराव कर क्षतिग्रस्त हिस्से पर जल्द सुरक्षा दीवार का निर्माण कराने की मांग की। लोगों का कहना था कि जेसीबी चलने से उनके आवासीय भवनों को खतरा पैदा हो गया है।
बृहस्पतिवार को पालिकाध्यक्ष मनमोहन मल्ल और अधिशासी अभियंता एमएस रावत क्षतिग्रस्त हिस्से का निरीक्षण करने पहुंचे। इस दौरान स्थानीय लोगों ने ईई का घेराव कर हंगामा किया। लोगों का कहना था कि बीते माह बारिश के चलते भूस्खलन होने से मार्ग अवरुद्ध हो गया था। जिसके चलते टिहरी बाईपास एनएच 707 ए मोटरमार्ग लगभग एक माह से बंद पड़ा है। आरोप है कि मार्ग को खोलने में लापरवाही बरती जा रही है। इसके साथ ही जेसीबी से पुश्ता तोड़ने पर उनके आवासीय भवन खतरे की जद में आ गए हैं।
पालिकाध्यक्ष मनमोहन मल्ल ने मार्ग बनने से पहले आईडीएच भवन के नीचे के पहाड़ को रोकने के लिए उपयुक्त सुरक्षा दीवार बनाने के निर्देश प्राधिकरण अफसरों को दिए। मौके पर मौजूद भू-गर्भ विशेषज्ञों ने कहा कि बजट के अनुसार एंकरिंग के जरिए सबसे पहले भवनों की सुरक्षा का काम किया जाना चाहिए। भू-गर्भ विशेषज्ञ अभिषेक शर्मा ने क्षतिग्रस्त हिस्से पर रिटेनिंग वाल लगाने का भी सुझाव दिया। वहीं, अधिशासी अभियंता महिपाल सिंह रावत ने कहा कि ठेकेदार को क्षतिग्रस्त हिस्से को सुरक्षित करने के निर्देश दिए गए हैं। इस मौके पर सभासद रमेश भंडारी, संजय गोयल, बलवंत रावत, सुनील चैहान, नागेंद्र उनियाल, कमला थपलियाल, सत्ये सिंह आदि मौजूद थे।