अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
देसी दवाखाना संचालक रवि कश्यप हत्याकांड और रोड होल्डअप की वारदात के तार मुजफ्फरनगर से जुड़ रहे हैं। प्रारंभिक जांच में प्रतीत हो रहा है कि मुजफ्फनगर से ताल्लुक रखने वाले गैंग ने ही वारदातें घटित की है। इलेक्ट्रोनिक्स सर्विलांस से पुलिस को खुलासे की उम्मीद जगी है। बहादराबाद क्षेत्र में एक ही दिन घटी दो घटनाओं ने पुलिस की नींद उड़ा रखी है। गांव इब्राहिमपुर में देसी दवाखाना संचालक रवि कश्यप की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। घटनास्थल के पास एक पेड़ का भारी भरकम टहना रोड पर डाला हुआ था।
दवाखाना संचालक और उसकी मोटरसाइकिल अलग अलग जगह मिले थे। पुलिस ने दवाखाना संचालक की निजी जिंदगी, रंजिश केा खंगाला था लेकिन कोई महत्वपूर्ण क्लू नहीं मिल सका। वहीं दूसरी तरफ रोड होल्डअप की तहकीकात भी गहनता से चल रही है। माना जा रहा है कि दोनों वारदातें एक ही गैंग ने घटित की है और वह गैंग मुजफ्फरनगर से ताल्लुक रखता है। इलेक्ट्रोनिक्स सर्विलांस की मदद से ऐसे ही कुछ क्लू मिले है। लेकिन उन पर अभी पुलिस कुछ खुलकर बोलने को तैयार नहीं है। सूत्रों की माने तो एक पुलिस टीम ने मुजफ्फरनगर में ही डेरा डाला हुआ है। नगर पुलिस अधीक्षक ममता वोहरा ने बताया कि मामले की जांच चल रही है।