अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
कनखल के बैरागी कैंप में मिले सड़े गले शव की पहचान राकेश उर्फ राका (28) पुत्र रघुनाथ निवासी गांव कोहड थाना घरौडा करनाल हरियाणा के रूप में हुई। उसकी धारदार हथियार से वार कर हत्या की गई थी और पहचान छिपाने के लिए चेहरे को जलाया गया था। वह अपने परिचितों के साथ उत्तरी हरिद्वार की मुखिया गली में एक आश्रम में ठहरा था। फिलहाल पुलिस उसके साथ आए परिचितों से पूछताछ में जुटी है।
दो दिन पहले बैरागी कैंप में एक सड़ा गला शव बरामद हुआ था। प्रथम दृष्टया पुलिस मामले को हत्या मानकर चल रही थी। मृतका चेहरा क्षत विक्षत था और उसके शरीर के कई हिस्सों को नोंचा हुआ था। मृतक की पहचान नहीं हो सकी थी। घटनास्थल से मिले एक टूटे सिम कार्ड ने पुलिस की राह आसान कर दी। सिम कार्ड के आधार पर मृतक की पहचान कर ली गई। पड़ताल में सामने आया कि मृतक पेशे से दिहाडी मजदूर था और गांव में उसकी एक छोटी सी दुकान है। वह पांच जुलाई को गांव के ही परिचितों के साथ हरिद्वार आया था और मुखिया गली के एक आश्रम में ठहरा था। इधर, हरियाणा पहुंचकर पुलिस उन चार युवकों को अपने साथ ले आई, जिनके साथ वह हरिद्वार आया था। फिलहाल उनसे पूछताछ जारी है। इधर, ये सामने आया कि राका की हत्या धारदार हथियार से की गई थी और उसके चेहरे को किसी ज्वलनशील पदार्थ से जलाया गया था। एसओ अनुज सिंह ने बताया कि मामले की तहकीकात जारी है।