कृषि- 363, पर्यटन- 336, आईटी - 195, निर्माण - 185, प्रबंधन- 188, प्लंबर, कुक व अन्य कार्य - 136, इलेक्ट्रॉनिक एवं हार्डवेयर- 106 , हेल्थ केयर- 81, रिटेल- 60 ,अन्य- 2266, कुल- 3916
पढ़े-लिखे भी खेतीबाड़ी को मजबूर
हैरानी की बात कि खेतीबाड़ी को इच्छुक युवाओं में अधिकांश पोस्ट ग्रेजुएट व ग्रेजुएट हैं। कई युवाओं ने एमबीए, बीबीए, बीटेक जैसे प्रोफेशनल कोर्स भी किए हैं। सेवायोजन कार्यालय की हेल्प डेस्क के कर्मियों के अनुसार इनमें अधिकांश होटल, प्राइवेट कंपनी से रहे हैं। रजिस्ट्रेशन कराने वालों में अधिकांश दिल्ली, गुड़गांव, मोहाली, चंडीगढ़, सूरत, अहमदाबाद जैसे महानगरों में नौकरी करते थे।
स्किल निखारकर रोजगार से जोड़ने का प्रयास
क्षेत्रीय सेवायोजन अधिकारी (गढ़वाल मंडल) ममता नेगी चौहान के बताया कि प्रदेश सरकार होप पोर्टल में प्रदेश में लौटे प्रवासी युवाओं का रजिस्ट्रेशन करा रही है। इसमें बेरोजगार युवाओं में क्या हुनर है और वह किस क्षेत्र में भविष्य बनाना चाहते हैं। ये सब जानकारी ली जा रही है। इसके बाद युवाओं को कौशल विकास की ट्रेनिंग देकर रोजगार मुहैया कराने की योजना है। प्रदेश सरकार सभी को रोजगार मुहैया कराएगी।