कोराना वायरस के प्रभाव को देखते हुए प्रदेश भर में लागू किए गए लॉकडाउन का पहले दिन प्रभावी असर नहीं देखने के चलते प्रशासन ने हरिद्वार जिले में धारा 144 लागू कर दी है। इस संबंध में हरिद्वार शहरी क्षेत्र के लिए नगर मजिस्ट्रेट जगदीश लाल ने और रुड़की व आसपास के क्षेत्र के लिए ज्वाइंट मजिस्ट्रेट रुड़की ने आदेश जारी किए। सभी अधिकारियों को इन आदेशों का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए गए हैं।
आदेशों का पालन न करने पर संबंधित लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन को उम्मीद थी कि सोमवार को भी लोगों का रविवार के जनता कर्फ्यू की तरह समर्थन मिलेगा, लेकिन सुबह से हालात इसके विपरीत दिखाई दिए। सुबह से ही अधिकतर दुकानें खुल गई थी और पूरा जिला मानो सामान्य दिनों की तरह सड़कों पर दौड़ रहा था।
इस स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने धारा 144 लागू करने के आदेश जारी कर दिए गए। धारा 144 के अंतर्गत कोई भी सार्वजनिक कार्यक्रम आयोजित नहीं किया जा सकेगा। साथ ही चार से ज्यादा लोग एकत्र नहीं रह सकेंगे। जिलाधिकारी और एसएसपी ने इन आदेशों का जिले में सख्ती से पालन कराने के निर्देश दिए हैं। कोरोना वायरस से लोगों को बचाने के लिए प्रशासन का यह कदम अति महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
मुंबई से लौट रहे 254 लोगों को भगवानपुर पुलिस ने बॉर्डर पर ही रोक लिया। सभी को सीएचसी ले जाकर थर्मल स्क्रीनिंग कराई गई और कोरोना जैसा कोई संदिग्ध लक्षण नहीं मिलने पर उन्हें रोडवेज की बसों से हरिद्वार भेज दिया गया। स्वास्थ्य विभाग ने सभी लोगों को 14 दिन तक घरों
में क्वारंटीन रहने के निर्देश दिए हैं।
सोमवार को सहारनपुर रोडवेज की दो बसें सहारनपुर भगवानपुर की ओर आ रही थीं। दोनों बसों को काली नदी पुलिस चौक पर रोक लिया गया। साथ ही छुटमलपुर की ओर से आ रही एक बस को मंडावर चेक पोस्ट पर रोक लिया गया। पुलिसकर्मियों ने बसों को रोककर सवारियों से पूछताछ की तो बताया गया कि तीनों बसों में मौजूद 254 लोग मुंबई में काम करते हैं। वहां कोरोना के कई मामले सामने आने के बाद वे वापस घरों को लौट रहे हैं।
उन्होंने बताया कि सहारनपुर तक सभी ट्रेन से आए हैं। सहारनपुर प्रशासन ने भी का चेकअप कराने के बाद रवाना किया था। वहीं, मुंबई से 254 लोगों के आने की सूचना पर थानाध्यक्ष संजीव थपलियाल और स्वास्थ्य विभाग की टीम मौके पर पहुंची। सभी लोगों को सीएचसी भगवानपुर ले जाकर थर्मल स्क्रीनिंग कराई गई। इसमें किसी में भी कोरोना जैसे लक्षण नहीं मिले तो उनको हरिद्वार रोडवेज बस स्टैंड के लिए रवाना कर दिया गया। बताया जाता है कि सभी लोग टिहरी, रुदप्रयाग, ऋषिकेश, पौड़ी, श्रीनगर, चमोली के रहने वाले है। सीएचसी प्रभारी डॉ. विक्रांत सिरोही ने बताया कि सभी को 14 दिन के लिए क्वारंटीन रहने को कहा गया। सभी पर स्वास्थ्य विभाग की नजर बनी रहेगी।
- सोशल साइट पर जनपद चम्पावत के टनकपुर की दिपाली जोशी भट्ट द्वारा कोरोना वायरस से ग्रसित मरीज पाए जाने की झूठी सूचना एक महिला के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
- हरिद्वार में जनजीवन लगभग सामान्य दिखा। सोमवार को सुबह से ही शहर में आवाजाही सामान्य दिखी। पूरा शहर सड़कों पर उतर आया, हालांकि बाजार नहीं खुले। हरिद्वार में बीती रात करीब 3:00 बजे ऐसी अफवाह फैली कि लोग रात भर जागते रहे। अचानक ही लोगों के फोन बजने लगे, एक दूसरे को फोन करके लोग बता रहे थे कि जाग जाओ, बच्चों को मित्रो- दोस्तों-परिचितों को भी जगा दो। क्योंकि इस समय जो सो रहा है वह सुबह जागेगा नहीं। अफवाह से हरिद्वार शहर से लेकर देहात तक अफरा-तफरी मच गई। लोग घरों से निकलकर सड़कों पर आ गए।
कोई बता रहा था कि बिजनौर जिले में पूरा गांव सोता का सोता ही रह गया तो कोई उधम सिंह नगर और कोई मुरादाबाद से इस तरह की अफवाहें फैला रहा था। हालात ऐसे बने कि एसएसपी हरिद्वार को खुद एक ऑडियो जारी करके लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील करनी पड़ी। उन्होंने चेतावनी दी कि अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही लोगों से ऐसी अफवाहों पर ध्यान नहीं देने का आग्रह भी किया। प्रशासन ने अफवाह फैलाने वालों की पहचान करने के आदेश दिए हैं। कोतवाली ज्वालापुर सहित कई थानों में मुकदमे दर्ज करने की तैयारी है।
- नैनीताल के बीडी पांडे अस्पताल के क्वारंटीन वार्ड से आज दो विदेशी सैलानी भाग निकले। जिन्हें पुलिस व एसडीआरएफ ने पकड़ा।
- ऋषिकेश में बाहरी राज्यों से आने वाले पहाड़ी मूल के लोगों की भीड़ रात्रि से यात्रा बस स्टैंड में इकट्ठा होने शुरू हो गई थी। सुबह भीड़ का असली रूप देखने को मिला। स्थिति यह रही कि करीब 1500 से बाहरी राज्यों से लोग उमड़ पड़े और हालात बेकाबू हो गए।
मौके की स्थिति को संभालने के लिए तहसीलदार रेखा आर्य मौके पर पहुंची और पुलिस बल के साथ स्थिति को नियंत्रण में किया। इस दौरान एसडीएम प्रेम लाल के साथ सीओ वीरेंद्र सिंह रावत, परिवहन कर अधिकारी पंकज श्रीवास्तव और रोडवेज एजीएम पीके भारती भी मौके पर मौजूद रहे।
- उत्तरकाशी में सोमवार सुबह मुख्य बाजार में सन्नाटा दिखा। यहां बस और टैक्सियों का संचालन बंद रह , लेकिन चाय की ठेली और कुछ स्थानों पर लोगों का जमावड़ दिखा।