वायरल पोस्ट के मुताबिक ट्रेनी आईएफएस स्वीगी और जोमेटो से खाना मंगाने की बात करते हैं। अस्पताल में लगे आरओ के पानी के बजाय मिनरल वाटर और कई बार होटलों की तरह कॉफी-चाय आर्डर करते है। कई बार तो स्टाफ को अपनी जेब से खर्च करना पड़ रहा है।
डॉक्टर के मुताबिक, सभी जरूरी और अच्छी सुविधाएं मुहैया कराई गई है। इन सबके बावजूद उनका व्यवहार ठीक नहीं है। उनकी पोस्ट धड़ाधड़ वायरल हो गई। कई अन्य डॉक्टर्स एवं लोगों ने उनका समर्थन किया और कहा कि इन ट्रेनी अफसरों को सहयोग करना चाहिये।
राजकीय दून मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. आशुतोष सयाना का कहना है कि डॉक्टरों और स्टाफ को सहयोग न किये जाने की शिकायत मिली थी, जिसे उच्चाधिकारियों को अवगत करा दिया गया है। प्रिंसिपल का कहना है कि हम सब का यही प्रयास है कि सभी मरीजों को समुचित उपचार मिले और वे सभी स्वस्थ होकर अस्पताल से जाएं।
डॉक्टर के कहे मुताबिक परहेज करें, अपना और दूसरों का भी ख्याल रखें। वहीं एमएस की ओर से सीएमओ को चिट्ठी लिखने की बात भी सामने आई है कि वह ट्रेनी आईएफएस से बात कर उन्हें सहयोग करने के लिए अपील करें।