गैस कनेक्शन को आधार लिंक कराने में उपभोक्ता खास दिलचस्पी नहीं दिखा रहे हैं। जबकि तेल कंपनियों ने आधार को अनिवार्य कर दिया है।
ऐसे में जिन लोगों ने गैस कनेक्शन को आधार लिंक नहीं कराया है, 31 मार्च के बाद उनके खाते में गैस सब्सिडी नहीं आएगी। अभी डेढ़ लाख से अधिक उपभोक्ताओं ने गैस कनेक्शन आधार लिंक नहीं करवाया है।
जिलापूर्ति विभाग के आंकड़े के अनुसार देहरादून में 4,92,033 उपभोक्ता घरेलू गैस सिलेंडर सब्सिडी का लाभ उठा रहे हैं। इनमें से अभी तक कुल 2,97,390 उपभोक्ताओं ने गैस कनेक्शन को आधार से लिंक कराया है। ऐसे में अभी 1,94,643 उपभोक्ताआ बैंक खाते को गैस कनेक्शन से लिंक कराकर गैस ले रहे हैं।
तेल कंपनियां इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम लगातार उपभोक्ताओं से अपील कर रहा है कि जल्द से जल्द गैस कनेक्शन को आधार से लिंक करवा लें।
उपभोक्ताओं से अपील की जा रही है कि जल्द से जल्द गैस कनेक्शन को आधार से लिंक करवा लें। आधार लिंक करवाने से उपभोक्ताओं को ही सब्सिडी के गैस सिलेंडर लेने में फायदा है।
- पायल पैन्यूली, पूर्ति निरीक्षक अधिकारी
दून में 26 हजार ने छोड़ी गैस सब्सिडी
देहरादून में 26 हजार से अधिक लोगों ने गैस सब्सिडी छोड़ दी है। लेकिन जनपद में कनेक्शन संख्या और गैस सब्सिडी छोड़ने के अनुपात को देखें तो हरिद्वार दून से आगे है। अभी तक देहरादून के 26539 और हरिद्वार के 21597 उपभोक्ताओं ने स्वेच्छा से गैस की सब्सिडी छोड़ी है।
वर्तमान में देहरादून में 492033 और हरिद्वार में 306532 उपभोक्ता घरेलू गैस सिलेंडर पर सब्सिडी ले रहे हैं। आईओसी के एरिया असिस्टेंट मैनेजर रोहन दलाल ने बताया कि उपभोक्ताओं के गैस की सब्सिडी छोड़ने का सिलसिला जारी है।