लगातार बर्फ गिरने और बारिश से ठंड काफी बढ़ गई है। रविवार सुबह कुछ समय के लिए धूप खिली। इसके बाद आसमान में काले बादल छा गए। चोटियों पर हिमपात हुआ, जबकि मुनस्यारी सहित आसपास के क्षेत्रों में बारिश हुई।
रविवार को मुनस्यारी का अधिकतम तापमान 12 डिग्री, जबकि न्यूनतम तापमान तीन डिग्री रहा। चोटियों पर हो रही बर्फबारी से पर्यटकों की संख्या में इजाफा होने लगा है। कुमाऊं मंडल विकास निगम के पर्यटक गेस्ट हाउस में 29 नवंबर तक की बुकिंग हो चुकी है।
मानसून विदा होने के बाद से प्रदेश में बारिश लौट नहीं पाई। इस साल मानसून की विदाई के बाद से अभी तक बारिश में औसत के मुकाबले 69 प्रतिशत की कमी आई है। फिलहाल प्रदेशभर में बारिश के आसार भी नहीं हैं।
उत्तराखंड से एक अक्तूबर को मानसून विदा हुआ था। मानसून की विदाई के बाद से बारिश में भारी कमी रिकॉर्ड की गई। प्रदेश के किसी भी जिले में बारिश का आंकड़ा औसत के आसपास भी नहीं आ पाया। चमोली को छोड़कर सभी जिलों में बारिश में 50 प्रतिशत से अधिक की कमी रिकॉर्ड की गई है।
चमोली में बारिश में औसत के मुकाबले 39 फीसदी की गिरावट है। मौसम विभाग के मुताबिक, शुरू की बर्फबारी ने इस साल अच्छी ठंड के आसार तो पैदा कर दिए हैं लेकिन बारिश की कमी बरकरार है। फिलहाल आने वाले एक सप्ताह तक बारिश के आसार नहीं हैं। एक अक्तूबर से सात नवंबर के बीच प्रदेशभर में 62.1 मिमी बारिश होनी चाहिए थी लेकिन 19 मिमी बारिश ही हो पाई है।
जिले का नाम औसत वास्तविक
अल्मोड़ा 60.4 13.1
बागेश्वर 60.4 11.7
चमोली 46.5 28.4
चंपावत 80.8 11
देहरादून 67.9 16.1
पौड़ी 57.8 5.4
टिहरी 52.6 21.1
हरिद्वार 31.7 12.5
नैनीताल 84.6 19.9
पिथौरागढ़ 69 21.9
रुद्रप्रयाग 56.5 16.3
ऊधमसिंह नगर 74.9 3.1
उत्तरकाशी 65.7 30.7
कुल 62.1 19
(सभी संख्या मिमी में)