फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Dehradun News: सड़क, बिजली, पानी की शिकायतों का अंबार...फरियादी लगा रहे चक्कर बार-बार

विज्ञापन
विज्ञापन
Iशिकायतों का निस्तारण नहीं होने से शिकायतकर्ता परेशान, शहरी विकास विभाग से जुड़ी सर्वाधिक 1024 शिकायतें
विज्ञापन

I

I
I

Iडीएम ने संबंधित विभागों को 10 दिन में निस्तारण करने के दिए निर्देशI

सरकारी महकमों से मायूस आमजन के लिए सीएम हेल्पलाइन नंबर 1905 उम्मीद की किरण है। इस टोल फ्री नंबर पर बड़ी संख्या में पीड़ित शिकायत दर्ज कराते हैं। आला अधिकारी सीएम हेल्पलाइन से फारवर्ड होकर आने पर भी समस्या के निस्तारण में रुचि नहीं ले रहे हैं। दून में सीएम हेल्पलाइन पर सर्वाधिक शिकायतें नगर निकाय, सड़क, बिजली, पेयजल और पुलिस से संबंधित दर्ज कराई जा रही हैं। इन शिकायतों के निस्तारण में सबसे बड़ा डिफाल्टर शहरी विकास विभाग है। इसकी 1024 शिकायतों का कोई निस्तारण नहीं किया गया। शिकायतकर्ता परेशान होकर दफ्तरों के चक्कर लगा रहे हैं। डीएम सोनिका ने संबंधित विभागाध्यक्षों को सख्त चेतावनी जारी कर 10 दिन में निस्तारण करने के निर्देश दिए हैं।

सीएम हेल्पलाइन पर सड़क, नाली, नाले और सफाई से जुड़ी कई शिकायतें हर रोज पहुंच रही हैं। शहरी विकास विभाग शिकायतों के निस्तारण में सबसे पीछे है। तहसील और राजस्व से जुड़ी विभिन्न शिकायतों का निस्तारण भी बेहद धीमी गति से हो रहा है। राजस्व विभाग की सर्वाधिक 881 शिकायतें लंबित हैं। जिले में बदहाल सड़कों को लेकर दर्ज 679 शिकायतें लोक निर्माण विभाग के खाते में पेंडिंग हैं। पेयजल संकट से लेकर गंदे पानी की सप्लाई दूनवासियों को खूब परेशान कर रही है। ऐसी 473 शिकायतों का जलसंस्थान अब तक कोई हल नहीं निकाल पाया है। बिजली आपूर्ति, जर्जर तार और खंबे समेत ऊर्जा विभाग से जुड़ी हुई 472 शिकायतों के निदान को लेकर लंबे समय से लोग परेशान हैं।
विज्ञापन






Iपुलिस से खिलाफ भी पहुंचती खूब चिट्ठियांI



जिले के सभी बड़े महकमे सीएम हेल्पलाइन को लेकर गंभीर रवैया नहीं दिखा रहे हैं। खुद पुलिस भी इसमें शामिल है। गृह विभाग से संबंधित 366 शिकायतों का अब तक कोई निस्तारण नहीं किया गया है तो शिक्षा विभाग की 156 और कार्मिक एवं सतर्कता की 111 शिकायतों के निस्तारण का शिकायतकर्ता इंतजार कर रहे हैं।



Iहेल्पलाइन नंबर से कनेक्ट हैं शिकायतेंI



लंबित प्रकरणों में सीएम हेल्पलाइन नंबर 1905 पर की गई शिकायतों के अलावा मुख्यमंत्री को भेजी जाने वाले पत्र, अपणि सरकार पोर्टल और भ्रष्टाचार मुक्त उत्तराखंड एप की शिकायतें शामिल हैं।
विज्ञापन


I
I

I
I

Iसीएम हेल्पलाइन की शिकायतों का निस्तारण सर्वोच्च प्राथमिकता में शामिल है। कई विभागों में अभी काफी शिकायतें लंबित हैं। संबंधित विभागाध्यक्षों को कड़ी चेतावनी दी है कि 10 दिन के अंदर शिकायतों का निस्तारण नहीं किया तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी। - सोनिका, डीएम देहरादूनI
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें