मानसरोवर झील के पास पूजा करते श्रद्धालु
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चीन ने इस बार कैलाश मानसरोवर झील में डुबकी लगाने पर प्रतिबंध लगा दिया है। कैलाश यात्रियों को स्नान के लिए झील का पानी बाल्टियों में भरकर दिया जा रहा है। यह कहना है यात्रा पूरी कर लौटे कैलाश यात्रियों का। उनके अनुसार चीन ने झील के पानी को प्रदूषित होने से बचाने के लिए यह प्रतिबंध लगाया है।
कैलाश मानसरोवर हिंदुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र है। कैलाश पर्वत के दर्शन और मानसरोवर झील में स्नान के लिए हर साल बड़ी संख्या में श्रद्धालु तिब्बत जाते हैं। यहां यात्री पहले कैलाश पर्वत की परिक्रमा करते हैं। इसके बाद पवित्र मानसरोवर में स्नान के बाद यात्री पूजा-अर्चना करते हैं। इस वर्ष से चीन सरकार ने झील में स्नान पर प्रतिबंध लगा दिया है।
दूसरी बार कैलाश यात्रा पूरी कर लौटे मुंबई निवासी भानु दास बताते हैं कि वर्ष 2009 में उन्होंने झील में डुबकी लगाई थी। इस बार उन्हें झील में स्नान नहीं करने दिया गया। स्नान के लिए झील से बाल्टी में पानी दिया गया।