स्वास्थ्य कर्मचारी ही महकमे की साख पर बट्टा लगा रहे हैं। मरीजों के प्रति उनकी भावनाएं संवेदनशून्य हो गई हैं। यहां जखोली ब्लॉक के चौंरा मातृ शिशु परिवार कल्याण केंद्र में प्रसव कराने आई गर्भवती को एएनएम ने भगा दिया। नतीजतन, दूसरे अस्पताल में ले जाते वक्त महिला ने सड़क पर बच्चे को जन्म दे दिया। हालांकि, मामले में सीएमओ ने एएनएम से जवाब तलब किया है।
शुक्रवार सुबह सात बजे भटवाड़ी गांव निवासी इंदिरा देवी अपनी बहू लक्ष्मी को प्रसव पीड़ा होने पर निजी वाहन से एएनएम सेंटर चौंरा लेकर गई, लेकिन वहां तैनात एएनएम बसंती सकलानी ने प्रसव कराने के बजाय गर्भवती को वहां से भगा दिया।
पीड़िता की सास एएनएम से मिन्नतें करती रही, लेकिन एएनएम का दिल नहीं पसीजा और सास-बहू को उच्चाधिकारियों के निर्देश का हवाला देते हुए भर्ती करने से साफ इंकार कर बाहर जाने को कह दिया। मजबूरी में महिला अपनी बहू को दूसरे अस्पताल ले जाने लगी तो केंद्र से बाहर आते ही बहू को तेज दर्द होने लगा और कुछ देर में सड़क पर ही उसने बच्चे को जन्म दे दिया।