मुख्य सचिव ने उत्तराखंड में अफसरों की विदेश यात्रा पर रोक लगा दी है। प्रशिक्षण, गोष्ठी, सेमिनार के अलावा व्यक्तिगत कार्यों का हवाला देकर अब अफसर मार्च 2018 तक विदेश यात्रा पर नहीं जा सकेंगे। मुख्य
सचिव उत्पल कुमार सिंह ने केंद्र के अलावा राज्य की प्राथमिकता वाली योजनाओं के क्रियान्वयन में कम समय की बात कहते हुए फिलहाल
अधिकारियों की विदेश यात्राओं पर रोक लगा दी है।
अपने आदेश में मुख्य सचिव ने कहा है कि वित्तीय वर्ष की समाप्ति में मात्र चार महीने का वक्त शेष है। इस वित्तीय वर्ष में केंद्र और राज्य सरकार की प्राथमिकता वाली (फ्लैगशिप) तमाम योजनाओं का क्रियान्वयन अभी होना बाकी है।
इसी अवधि में बजट प्रावधान और विधानसभा सत्र में पारित होने वाले अनुपूरक बजट की वित्तीय स्वीकृतियां भी जारी होनी हैं। ऐसे में न केवल शासन बल्कि फील्ड के अधिकारियों की राज्य में लगातार मौजूदगी बेहद आवश्यक है, जिससे योजनाओं के क्रियान्वयन एवं अन्य कार्यों में कोई व्यवधान या देरी न हो।
इसको देखते हुए उन्होंने मार्च 2018 की समाप्ति तक सरकारी सेवकों की विदेश यात्राओं को प्रतिबंधित कर दिया गया है। खबर है कि इस आदेश ने कई अफसरों के घूमने-फिरने के प्लान पर पानी फेर दिया है।
कुछ अफसरों ने मंत्रियों के साथ तो कुछ ने तमाम जुगाड़ निकालकर विदेश जाने की योजना बनाई थी। यह आदेश उनके लिए किसी झटके से कम नहीं है।