बताया, प्रतिदिन सुबह सात बजे से रात 10 बजे तक संचालित कंट्रोल रूम वर्तमान में भी संचालित है। महाराज ने कहा, पर्यटकों और यात्रियों को देव दर्शनों के दौरान लंबी कतारों एवं अधिक समय तक प्रतीक्षा न करनी पड़े। इसके लिए धामों के दर्शन के लिए टोकन व स्लॉट की व्यवस्था शुरू की गई है। पंजीकरण, टोकन, सत्यापन व्यवस्था के लिए कार्यरत एजेंसी संग पर्यटन विभाग के अफसरों द्वारा धामों का स्थलीय निरीक्षण प्रशासन, पुलिस अफसरों के साथ स्थान का चयन भी प्रस्तावित है।
कहा, इस व्यवस्था के लागू होने पर किसी भी यात्री को कतार और लाइन में एक घंटे से अधिक का इंतजार नहीं कराना होगा। यात्रा काल में 115 उपनल और पीआरडी के माध्यम से पर्यटक सुरक्षा, सहायता मित्रों की तैनाती की जा रही है।
सफाई व्यवस्था का रखा जाएगा विशेष ध्यान
यात्रा मार्गों पर वर्तमान में सुलभ इंटरनेशनल संस्था के माध्यम से 1,584 सीटों वाले 147 स्थायी शौचालयों की व्यवस्था है। इसके अलावा गंगोत्री व यमुनोत्री मार्ग पर 82 स्टील फ्रेम शौचालय, जनपद रुद्रप्रयाग के तहत विभिन्न स्थलों पर निर्मित कुल 251 सीट, जनपद चमोली के यात्रा मार्ग पर 60 सीट एवं हेमकुंड साहिब यात्रा मार्ग पर 80 स्टील फ्रेम शौचालय स्थापित हैं।