पिछले साल बीकेटीसी ने तिरुपति बालाजी, माता वैष्णव, सोमनाथ व महाकाल मंदिर की तर्ज पर बदरीनाथ और केदारनाथ धाम में वीआईपी श्रद्धालुओं के लिए शुल्क की व्यवस्था लागू की थी। 2023 में बदरी-केदार में 51 हजार से अधिक वीआईपी पहुंचे, जिससे 300 रुपये शुल्क के रूप में बीकेटीसी को 1.55 करोड़ की आमदनी हुई। बीकेटीसी अध्यक्ष अजेंद्र अजय के अनुसार, इस साल 10 मई को केदारनाथ और 12 मई को बदरीनाथ धाम के कपाट खुल रहे हैं।
दोनों धामों में वीआईपी अतिथियों से दर्शन के लिए 300 रुपये शुल्क लिया जाएगा। बीकेटीसी वीआईपी श्रद्धालुओं को प्राथमिकता के आधार पर दर्शन कराती है और निशुल्क प्रसाद भी देती है। शुल्क से प्राप्त होने वाली आय को बीकेटीसी मंदिरों में विकास कार्य कराने खर्च करेगी। इस बार भी शुल्क पिछले साल की तरह ही रहेगा। इसमें कोई बढ़ोतरी नहीं की जाएगी।