फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

चारधाम यात्रा 2020: तीर्थयात्रियों को सता रहा कोरोना का डर, गंगोत्री धाम पहुंचे नौ यात्री, यमुनोत्री एक भी नहीं 

Thu, 02 Jul 2020 09:29 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उत्तरकाशी

सार

  • कोरोना संक्रमण के भय से परवान नहीं चढ़ पा रही चारधाम यात्रा
विज्ञापन
यमुनोत्री धाम में बंद पड़ा बाजार - फोटो : फाइल फोटो
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

यमुनोत्री एवं गंगोत्री धाम के तीर्थ पुरोहितों के विरोध के बीच दूसरे दिन भी जिले में चारधाम यात्रा परवान नहीं चढ़ पाई। बृहस्पतिवार को महज नौ लोग गंगोत्री धाम पहुंचे, जबकि यमुनोत्री एक भी यात्री नहीं पहुंचा।

विज्ञापन


कोरोना महामारी में भय और धामों में यात्री सुविधाओं के अभाव के चलते तीर्थयात्री धामों की ओर रुख करने से कतरा रहे हैं। यही कारण है कि सरकार द्वारा एक जुलाई से चारधाम यात्रा शुरू करने की घोषणा के बावजूद इन दो दिनों में महज 19 लोगों ने गंगोत्री धाम का रुख किया, जबकि यमुनोत्री धाम एक भी यात्री नहीं पहुंचा। 


मलेथा श्रीनगर से आए एक परिवार को छोड़ गंगोत्री जाने वाले भी सभी स्थानीय लोग ही हैं। इन लोगों को भी धाम में होटल, ढाबे आदि सभी व्यापारिक प्रतिष्ठान बंद होने के कारण खाने व ठहरने की सुविधा नहीं मिल पाई। मंदिर में भी तीर्थ पुरोहितों द्वारा यात्रियों से पूजा-अर्चना आदि धार्मिक कर्म नहीं कराए जा रहे हैं। ऐसे में यह यात्री सिर्फ पाला छूने वाले अंदाज में पहुंचकर लौट गए। 

विज्ञापन
विज्ञापन

गंगोत्री धाम में धरने पर बैठे तीर्थ पुरोहित - फोटो : अमर उजाला
हर्षिल के होटल व्यवसायी माधवेंद्र रावत ने बताया कि उपला टकनौर क्षेत्र के यात्रा कारोबारी कोरोना संक्रमण खत्म होने से पहले यात्रा शुरू करने के पक्ष में नहीं हैं। इसलिए आजकल यहां आ रहे यात्रियों को यहां ठहरने नहीं दिया जा रहा है। गंगोत्री मंदिर समिति के अध्यक्ष पं. सुरेश सेमवाल ने कहा कि सरकार द्वारा गुमराह किए जाने पर कुछेक स्थानीय यात्री धाम पहुंच रहे हैं, लेकिन तीर्थपुरोहित इनसे दूरी बनाए हुए हैं। जिससे धार्मिक कर्म नहीं हो पा रहे हैं। सरकार दिखावे भर के लिए यात्रा शुरू करने का ढोंग कर रही है। इससे यात्रा कारोबार को कोई लाभ नहीं होने वाला है। 

तीर्थ पुरोहितों का धरना आंदोलन जारी
देवस्थानम प्रबंधन बोर्ड और कोरोना महामारी के बीच चारधाम यात्रा शुरू करने के विरोध में गंगोत्री धाम एवं मुखबा गांव के साथ ही यमुना के शीतकालीन पड़ाव खरसाली में तीर्थ पुरोहितों का धरना आंदोलन बृहस्पतिवार को भी जारी रहा। खरसाली में भागेश्वर उनियाल, प्रह्लाद उनियाल, मोतीराम उनियाल, पुरुषोत्तम उनियाल, मनमोहन उनियाल, प्यारेलाल उनियाल आदि धरने पर बैठे। जबकि गंगोत्री में राकेश सेमवाल, प्रेमवल्लभ, गोवर्द्धन, विष्णु, राजेश सेमवाल, विवेकानंद, कमल, गोविंदराम तथा मुखबा में सुधांशु सेमवाल, संपूर्णानंद, सुमेश, सोनू सेमवाल आदि तीर्थ पुरोहितों ने धरना दिया। तीर्थ पुरोहितों ने देवस्थानम प्रबंधन बोर्ड रद्द करने तथा कोरोना संक्रमण थमने तक चारधाम यात्रा स्थगित करने की मांग की।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें