मां संगीता देवी गांव में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता है। उसके घर की माली हालत भी ठीक नहीं है, लेकिन अरविंद के पढ़ने की ललक कभी कम नहीं हुई। प्रधानाचार्य ने उसकी लगन व मेहनत को देखते हुए अरविंद को विद्यालय से छात्रवृत्ति भी प्रदान की। परीक्षा के दौरान भी अरविंद की तबियत खराब रही, लेकिन अरविंद ने हार नहीं मानी। आज उसने 92 फीसदी अंक हासिल कर अपने स्कूल के साथ ही पूरे जिले का नाम रोशन किया है।
प्रधानाचार्य दामोदर प्रसाद ममगांई ने बताया कि फरवरी महीने से अरविंद की तबीयत खराब है। तबीयत खराब होने के बावजूद अरविंद ने परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन करते हुए अन्य बच्चों को भी सीख दी है। इन दिनों दून अस्पताल देहरादून में उपचार करा रहे अरविंद का कहना है कि उसका सपना सीए बनने का है, गुरुजनों के मार्गदर्शन में वह यह सपना पूरा करेगा।