नगरासू-डांडाखाल मार्ग पर एक कार के दुर्घटनाग्रस्त होने से सेना के दो जवानों की मौके पर ही मौत हो गई। दोनों गढ़वाल रायफल में तैनात थे और इन दिनों छुट्टी पर घर आए हुए थे। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपा। हादसे के बाद से घर, गांवों सहित क्षेत्र में मातम पसरा हुआ है।
शुक्रवार शाम को रानीगढ़ पट्टी के मोला गांव निवासी 22 गढ़वाल रायफल में तैनात नरेश चौधरी (35) पुत्र मोहन सिंह चौधरी और घिरोली गांव निवासी 48-आरआर (राष्ट्रीय रायफल) में तैनात जितेंद्र चौधरी (30) पुत्र राजे सिंह अपनी कार से नगरासू बाजार आए हुए थे। दोनों ने अपने घरों के लिए जरूरी सामान खरीदा।
शुक्रवार रात करीब नौ बजे नगरासू-डांडाखाल मार्ग पर सेबधार के समीप मोड़ पार करते हुए कार अचानक अनियंत्रित होकर डेढ़ सौ मीटर गहरी खाई में गिर गई। वाहन को खाई में गिरता देख निकट गांव के एक युवक ने घिरोली गांव के पुष्कर सिंह चौधरी को फोन पर घटना की सूचना दी। पुष्कर ने ग्रामीणों और जिला आपदा प्रबंधन कंट्रोल रूम रुद्रप्रयाग को घटना की जानकारी दी। इसके बाद पुलिस व आपदा प्रबंधन दल 11 बजे रात मौके पर पहुंचा, लेकिन खाई में गिरी कार में तब तक दोनों जवानों की मौत हो चुकी थी। आधी रात तक पुलिस ने मोला व घिरोली गांव के युवकों की मदद से जवानों के शवों को खाई से निकाला।
शनिवार को 10-जेएकेलाई (10- जम्मू-कश्मीर लाइट इपफेंट्ररी) की टीम ने अस्पताल पहुंचकर ग्रामीणों व परिजनों से घटना के बारे में जानकारी ली। दोपहर बाद पोस्टमार्टम के बाद जिला अस्पताल प्रबंधन द्वारा दोनों के शव परिजनों को सौंप दिए गए। घोलतीर में अलकनंदा नदी किनारे पैतृक घाट पर सेना के दोनों जवानों जितेंद्र और नरेश की सैन्य सम्मान के साथ अंत्येष्टि की गई।