फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बुटिक संचालिका हत्याकांड: 20 मिनट तक परिवार के साथ हुआ खून खराबा, 63 लोगों से हुई पूछताछ

Mon, 02 Sep 2019 08:19 AM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन
- फोटो : प्रतीकात्मक तस्वीर
विज्ञापन

देहरादून में बुटिक संचालिका कामना रोहिल्ला का कत्ल बृहस्पतिवार रात 11 बजकर 20 मिनट पर आखिरी कॉल के बाद हुआ। रात 11 बजकर 40 मिनट पर घायल अशोक रोहिल्ला ने अपने भाई नितिन को कॉल कर घटनाक्रम की जानकारी दी।

विज्ञापन


यानी बीस मिनट की अवधि के दौरान रोहिल्ला परिवार के साथ खून की होली खेली गई। पुलिस केस से जुडे़ हर शख्स की कॉल डिटेल खंगाल चुकी है। घटना के चश्मदीद अशोक के अस्पताल और आरोपी बनाए गए रिंकू के फरार होने के कारण पुलिस को फिलहाल जांच आगे बढ़ाने में दिक्कत आ रही है।

नेहरू कालोनी के माता मंदिर रोड निवासी ब्यूटी पार्लर संचालिका कामना रोहिल्ला की बृहस्पतिवार रात गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। जबकि पति अशोक रोहिल्ला घायल हो गए थे। अशोक का आरोप है रिश्तेदार अजय उर्फ रिंकू ने अपने दो साथियों के साथ घर में घुसकर घटना को अंजाम दिया। वारदात के 48 घंटे के बाद भी पुलिस जांच आगे नहीं बढ़ा पाई है।
विज्ञापन


आरोपी रिंकू फरार है। जबकि चश्मदीद अशोक अस्पताल में भर्ती होने के कारण वह सवालों के जवाब देने की स्थिति में नहीं है। इन दोनों से पूछताछ के बाद घटना से जुड़ी तस्वीर साफ होने की उम्मीद है। हालांकि पुलिस ने केस से जुड़े लोगों की मोबाइल कॉल डिटेल खंगालकर उनके बयान का सत्यापन किया है।

इसी बीच पता चला कि कामना रोहिल्ला की रात 11.20 मिनट पर टैक्सी चालक से बातचीत हुई थी। वह घर पर नगदी लेने आया था। रोहिल्ला परिवार से जुड़े करीब 63 लोगों से पुलिस बातचीत कर चुकी है। एसपी सिटी श्वेता चौबे ने एसओजी और नेहरू कालोनी पुलिस से देर शाम दिनभर हुई कार्रवाई की समीक्षा की।   

विज्ञापन

एक साल से कोर्ट में पेश नहीं हो रहा रिंकू 

बुटीक संचालिका कामना रोहिल्ला की हत्या और जानलेवा हमले में आरोपी बनाए गए रिंकू एक साल से कोर्ट में पेश नहीं हो रहा है। डालनवाला में वर्ष 2014 में छह युवकों ने धारदार हथियारों से हमला कर नितिन की हत्या कर दी गई थी। हत्या में रिंकू को भी आरोपी बनाया गया था। अक्तूबर 2018 से रिंकू कोर्ट में पेश नहीं हो रहा है। तब से पुलिस उसकी तलाश में जुटी है। 

कामना को नहीं ले गए अस्पताल
जांच में पता चला है कि घटना की सूचना के बाद परिजन अशोक रोहिल्ला को तो अस्पताल ले गए, लेकिन कामना को अस्पताल नहीं ले जाया गया। बाद में मौके पर पहुंचा कामना का भाई अमन उसे अस्पताल लेकर पहुंचा, जहां उसे डॉक्टरों ने मृत घोषित किया। इस बात को लेकर कामना के परिजनों में नाराजगी है।

रकम डूबने से सदमे में कई लोग
बुटीक संचालिका कामना रोहिल्ला की हत्या के साथ लाखों रुपये की रकम का निवेश करने वाले दहशत में है। पुलिस सूत्रों के अनुसार बुटीक और सैलून में साझेदारी बताई गई है। रोहिल्ला परिवार की किट्टी से भी काफी लोग जुडे़ हुए थे, जिनकी रकम वापस होने की उम्मीद अब टूट गई है। कई लोगों ने पुलिस से बातचीत में रकम डूबने की बात साझा की है। 

बुटीक संचालिका की हत्या के मामले में रिंकू और घटना के चश्मदीद घायल अशोक से पूछताछ के बाद पूरी तस्वीर साफ हो पाएगी। पूरा फोकस रिंकू को पकड़ने पर है। कुछ अन्य पहलुओं पर भी जांच पड़ताल चल रही है। अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगा।
-अरुण मोहन जोशी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें