भाजपा उत्तराखंड की 70 विधानसभाओं से टॉप थ्री दावेदारों को सूचीबद्ध करेगी। बुधवार को दिल्ली में प्रदेश चुनाव समिति की बैठक में पार्टी विभिन्न दावेदारों के बायोडॉटा, सर्वेक्षण रिपोर्टों और सांसदों के फीडबैक को आधार बनाकर फाइनल 210 प्रत्याशियों की सूची तैयार करेगी। संभावना है कि भाजपा का टाप थ्री पर मंथन दो दिन तक चलेगा, जिसके बाद केंद्रीय संसदीय बोर्ड में इस सूची को रख कर अंतिम 70 प्रत्याशी फाइनल किये जाएंगे।
भाजपा में टिकटों पर निर्णय के लिए प्रदेश भाजपा की चुनाव समिति की बैठक के लिए सदस्य दिल्ली रवाना हो गए हैं। प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट, प्रदेश प्रभारी श्याम जाजू, चुनाव प्रभारी जेपी नड्डा और धमेंद्र प्रधान सहित चारों पूर्व सीएम और अन्य सदस्य दावेदारों की अंतिम सूची पर निर्णय लेंगे।
भाजपा में टिकट के लिए आवेदन की प्रक्रिया के तहत दावेदरों का बायोडाटा के अलावा विधानसभा सर्वेक्षण सहित अन्य कई स्तरों से सूचियां बनी हैं, जिनपर समिति अंतिम निर्णय लिया जाना है। मकर संक्रांति के बाद इस सूची पर संसदीय बोर्ड अंतिम निर्णय लेगा। प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट ने बताया कि चुनाव समिति की बुधवार को दिल्ली में बैठक होगी, जिसमें दावेदारों पर विचार होगा। अंतिम निर्णय संसदीय बोर्ड लेगा।
टॉप थ्री में आने की होड़
सत्तर विधानसभाओं के लगभग एक हजार दावेदारों से टॉप थ्री में आने की जंग शुरू हो गई है। देहरादून प्रदेश कार्यालय में मंगलवार को दावेदारों की गहमागहमी रही। अब दून छोड़ कर दावेदार दिल्ली में डेरा डालने को निकल लिये हैं। अपने अपने सियासी आकाओं की मदद से पहली सूची में अपना नाम शामिल करवाने की जुगत प्रत्याशी लगा रहे हैं। इसी के चलते दिल्ली में बैठक कहां होगी इसकी तक गोपनीयता बरती जा रही है।
ठिकाना बदल रहे नेता जी
टिकट के लिए लग रही सिफारिशों को लेकर दिल्ली पहुंचे दावेदारों से नेता परेशान हैं। प्रदेश भाजपा के एक वरिष्ठ नेता सर्वाधिक परेशान हैं। इनकी इस समय सर्वाधिक सुनी जा रही है। वो जिस स्थान पर दिल्ली ठहर रहे हैं, वहां से उन्हें हर दूसरे दिन सामान समेट कर नई जगह ठिकाना बना रहे हैं। कुछ नेताओं ने अपने फोन नंबर तक स्विच ऑफ कर दिए हैं।
इन सीटों पर मचेगा घमासान
पार्टी की कई सीटें ऐसी हैं जहां घमासान मचने की संभावना है। इसमें बागी विधायकों वाली 6 सीटें रुड़की, केदारनाथ, रायपुर, रुद्रप्रयाग, रामनगर, नरेंद्रनगर में सर्वाधिक घमासान रहेगा। कुछ सीटें चौबट्टाखाल, लैंसडोन, कोटद्वार, किच्छा, टिहरी, प्रतापनगर, धर्मपुर, यमकेश्वर, भीमताल, ज्वालापुर, लक्सर, कर्णप्रयाग और पिथौरागढ़, विकासनगर ऐसी हैं जहां या तो कई दावेदार हैं या फिर सीटिंग विधायक के खिलाफ दूसरे कइयों की दावेदारी है।