मौके पर पहुंची पुलिस घायल छात्रों को भगवानपुर के सरकारी अस्पताल ले गई, लेकिन डॉक्टरों ने उनकी हालत नाजुक देख रुड़की रेफर कर दिया। पुलिस दोनों को लेकर रुड़की पहुंची, लेकिन सिविल अस्पताल के डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
थानाध्यक्ष संजीव थपलियाल ने बताया कि शनिवार को दोनों का पोस्टमार्टम कराने के बाद शव परिजनों को सौंप दिए। अभी तक किसी भी छात्र के परिजनों की ओर से मामले को लेकर कोई तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। वहीं, ट्रक को कब्जे में लिया गया है।
थानाध्यक्ष संजीव थपलियाल ने बताया कि बाइक सवार दोनों छात्रों में से किसी ने भी हेलमेट नहीं पहना था। घटना के दौरान मौके पर पहुंचे राहगीरों का कहना था कि अगर छात्रों ने हेलमेट पहना होता तो शायद आज जिंदा होते। वहीं, थानाध्यक्ष ने लोगों से अपील की है कि दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट का प्रयोग जरूर करें। चालान से बचने के लिए नहीं बल्कि हेलमेट आपकी जिंदगी बचाने के लिए जरूरी है।