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बदरीनाथ मंदिर चढ़ावा हेराफेरी मामला: जांच के लिए धाम पहुंचे गढ़वाल मंडल आयुक्त, BKTC कर्मचारियों से की बातचीत

Tue, 14 Jul 2026 02:56 PM IST
Renu Saklani संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली

सार

बदरीनाथ मंदिर में चढ़ावे की कथित हेराफेरी मामले की जांच तेज हो गई है। शासन की टीम ने धाम पहुंचकर व्यवस्थाओं और सुरक्षा इंतजामों का निरीक्षण किया, वहीं पुलिस की जांच में सामने आए सीसीटीवी फुटेज के आधार पर बीकेटीसी के कुछ अन्य कर्मचारियों की भूमिका भी जांच के दायरे में आ गई है।
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बदरीनाथ धाम - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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बदरीनाथ मंदिर चढ़ावा हेराफेरी मामला की जांच के लिए शासन की जांच टीम मंगलवार को गढ़वाल मंडल आयुक्त के नेतृत्व में बदरीनाथ धाम पहुंची। टीम ने धाम की व्यवस्थाओं का जायजा लिया और बीकेटीसी कर्मचारियों से बातचीत कर विभिन्न पहलुओं की जानकारी जुटाई। इस दौरान जांच टीम ने परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों का भी निरीक्षण किया।

बदरीनाथ मंदिर के चढ़ावे में कथित हेराफेरी के मामले में बदरी-केदार मंदिर समिति (बीकेटीसी) के कई अन्य कर्मचारी भी पुलिस के रडार पर आ गए हैं। पुलिस ने 25 जून की सीसीटीवी फुटेज खंगाली तो उसमें आरोपी कर्मचारी के साथ कुछ अन्य कर्मचारी भी गणना कक्ष में संदिग्ध हरकत करते नजर आए। फिलहाल पुलिस ने सभी संदिग्ध सीसीटीवी फुटेज अपने कब्जे में लेकर जांच तेज कर दी है।

अमर उजाला के लिए संवाद न्यूज एजेंसी ने पहले ही इस मामले में अन्य लोगों की संलिप्तता की संभावना जताई थी। सूत्रों के अनुसार, रविवार को पुलिस ने 25 जून के चढ़ावे की गणना के दौरान की रिकॉर्डिंग की जांच की। इसमें आरोपी कर्मचारी के अलावा कुछ अन्य कर्मचारियों की गतिविधियां भी संदिग्ध प्रतीत हुईं। ऐसे में जांच आगे बढ़ने पर अन्य कर्मचारियों की भूमिका भी जांच के दायरे में आ सकती है।

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पुलिस की जांच लगातार जारी

अब पुलिस टीम मंगलवार यानि आज 29 जून की सीसीटीवी फुटेज भी खंगालेगी। जांच अधिकारियों का मानना है कि अलग-अलग दिनों की रिकॉर्डिंग से मामले की कड़ियां जोड़ने में मदद मिल सकती है। बताया जा रहा है कि बदरीनाथ मंदिर परिसर में 27 जून से हाई रेजोल्यूशन सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे।

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इससे पहले लगे कैमरों का रेजोल्यूशन कम था। ऐसे में पुलिस पुराने फुटेज का भी बारीकी से जांंच कर यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि संदिग्ध फुटेज में कर्मचारी किस प्रकार की गतिविधियां कर रहे थे। पुलिस उपाधीक्षक मदन सिंह बिष्ट ने कहा कि जांच के दौरान जो भी तथ्य संदिग्ध पाए जाएंगे, उनकी गहन जांच की जाएगी। मामले में अन्य साक्ष्य भी जुटाए जा रहे हैं और पुलिस की जांच लगातार जारी है।

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