एलोपैथी विधि से उपचार को सरकार ने एलोपैथी के 15 डॉक्टर, सात फार्मेसिस्ट और 15 स्टाफ नर्स का स्टाफ रखा है। वहीं, पंतजलि योगपीठ की ओर से 12 डॉक्टर, 10 स्टाफ नर्स, 50 वार्ड बॉय आयुर्वेदिक उपचार करने के साथ ही 50 सफाई कर्मचारी तैनात किए गए हैं।
पतंजलि का स्टाफ कोरोनिल कोरोना किट से लेकर अन्य आयुर्वेदिक दवाइयों से मरीजों का इलाज करता है। पतंजलि योगपीठ ने निशुल्क दवाइयों के लिए एक आयुर्वेदिक दवा का स्टोर भी खोला है।
पतंजलि निशुल्क भोजन और कराती है योग
अस्पताल में पतंजलि योगपीठ की ओर से रसोई खोली गई है। मरीजों और अस्पताल के समस्त स्टाफ को सुबह, दोपहर और रात का भोजन निशुल्क दिया जाता है। इसके अलावा पतंजलि के योगाचार्य मरीजों को योगाभ्यास भी कराते हैं।
एलोपैथी और आयुर्वेदिक विधि से कोरोना मरीजों का उपचार होने से अधिकांश मरीज स्वस्थ होकर लौटे हैं। फिलहाल संक्रमण नियंत्रण में होने से मरीजों की संख्या अन्य अस्पतालों में भी कम ही है। स्वामी रामदेव के सहयोग से अस्पताल में व्यवस्थाओं को संचालन में काफी मदद मिली है।
- दयानंद सरस्वती, नोडल अधिकारी, बेस कोविड हॉस्पिटल हरिद्वार