आरोप है कि निशांत ने ब्रह्मोस यूनिट में काम करते हुए मिसाइल संबंधी तकनीकी और अन्य खुफिया जानकारियां पाकिस्तान के साथ अमेरिका को भी पहुंचाई है। निशांत की गिरफ्तारी के तुरंत बाद सोमवार को ही लखनऊ एटीएस प्रभारी निरीक्षक प्रमेंद्र कुमार और प्रभारी निरीक्षक एवं मेरठ एटीएस प्रभारी शैलेंद्र सिंह की अगुवाई में एटीएस टीम गंगनहर कोतवाली पहुंची।
यहां इंस्पेक्टर प्रदीप बिष्ट से मुलाकात कर एटीएस की टीम ने निशांत की गिरफ्तारी की सूचना दी और उसके घर के संबंध में जानकारी ली। इसके बाद एटीएस की टीम लोकल पुलिस के साथ सीधे नेहरू नगर स्थित निशांत के घर पहुंची।
यहां टीम ने उसके पिता से पूछताछ करने के साथ ही घर की पूरी तलाशी ली। इस दौरान टीम ने घर में रखा निशांत का लैपटॉप और अन्य सामान अपने कब्जे में ले लिया। इसके बाद एटीएस की टीम ने घर के पास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और फुटेज को कब्जे में लिया।
साथ ही रेलवे स्टेशन रोड पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालते हुए उनको भी अपने कब्जे में ले लिया। निशांत के बारे में जानकारी जुटाने के बाद एटीएस की टीम लौट गई। उधर, जासूूसी के आरोप में निशांत के पकड़े जाने से उसके पिता डॉ. प्रदीप अग्रवाल समेत रिश्तेदार और पड़ोसी भी सन्न रह गए। साथ ही शहर में तरह-तरह की चर्चाएं भी शुरू हो गई हैं।
लखनऊ से आई आतंक निरोधी दस्ते (एटीएस) की टीम पाकिस्तान और अमेरिका के लिए जासूसी करने के आरोप में गिरफ्तार हुए निशांत अग्रवाल के घर से लैपटॉप और अन्य सामान अपने साथ ले गई है। स्थानीय पुलिस भी इस मामले पर पूरी नजर बनाए हुए हैं। -मणिकांत मिश्रा, एसपी देहात