आयुष्मान योजना के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं अपर सचिव युगल किशोर पंत ने प्रिया हॉस्पिटल हरिद्वार, अली नर्सिंग होम काशीपुर, आस्था हास्पिटल काशीपुर, जीवन ज्योति अस्पताल लक्सर, सहोता मल्टी स्पेशलिटी जसपुर, कृष्ण हास्पिटल रुद्रपुर के खिलाफ जांच के लिए दो सदस्यीय समिति गठित की थी।
समिति ने क्लेम के आधार पर मरीजों के इलाज का रिकॉर्ड खंगाला। जिसमें पाया गया कि अस्पतालों ने मोटी कमाई करने के लिए फर्जीवाड़ा किया। सामान्य बीमारी वाले मरीजों को भी इमरजेंसी में भर्ती कराया गया।
साथ ही एक ही चिकित्सक दूसरे अस्पतालों में सेवाएं दे रहा है। समिति की रिपोर्ट के आधार पर आस्था और प्रिया हास्पिटल के खिलाफ कार्रवाई कर योजना से अनुबंध निरस्त किया गया। साथ ही अस्पताल के एक चिकित्सक के खिलाफ काशीपुर थाना में मुकदमा दर्ज करने की कार्रवाई की। जल्द ही अन्य निजी अस्पतालों पर कार्रवाई की जाएगी।