सरकारी डॉक्टरों व कर्मचारियों की हड़ताल पर सरकार ने एस्मा लागू कर दिया है। निजी अस्पतालों की हड़ताल को देखते हुए सरकार ने एहतियातन यह फैसला लिया है। छह माह तक राजकीय चिकित्सालयों में कार्यरत चिकित्सक व सभी चिकित्सा कर्मचारियों की हड़ताल पर रोक लगाई गई। इस संबंध में शासन ने एस्मा लागू करने की अधिसूचना भी जारी कर दी है।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन(एनएचएम) के कर्मचारियों ने कार्य बहिष्कार समाप्त कर काम शुरू कर दिया है। क्लीनिकल एस्टेब्लिशमेंट एक्ट के विरोध में प्रदेश भर के निजी अस्पतालों के डॉक्टरों, नर्सिंग होम व क्लीनिक संचालकों ने हड़ताल पर जाने का फैसला लिया है। इसे देखते हुए सरकार ने एस्मा लागू कर सरकारी डॉक्टरों व चिकित्सा कर्मचारियों की हड़ताल पर छह माह तक रोक लगा दी है। राज्यपाल की स्वीकृति मिलने के बाद स्वास्थ्य सचिव नितेश कुमार झा की ओर से इस संबंध में अधिसूचना जारी की गई।
सरकारी डॉक्टरों व चिकित्सा कर्मचारियों की सेवा को आपातकालीन सेवा घोषित किया गया। जिससे सरकारी अस्पतालों में कार्यरत डॉक्टर व अन्य कर्मचारी हड़ताल में शामिल नहीं होंगे। सोमवार से प्रदेश भर में निजी अस्पतालों के डॉक्टर हड़ताल पर रहेंगे। मरीजों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
इसके लिए शासन ने एहतियातन एस्मा लागू के आदेश जारी किए हैं। स्वास्थ्य निदेशालय की ओर से भी सभी मुख्य चिकित्साधिकारियों को भी इस संबंध में निर्देश जारी किए गए। उधर, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के कर्मचारियों ने भी कार्य बहिष्कार समाप्त कर काम शुरू कर दिया है। बता दें कि 19 व 20 दिसंबर को एनएचएम कर्मचारियों ने सात सूत्रीय मांगों को लेकर कार्य बहिष्कार किया था।