फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

व्यापारी के बेटे के अपहरण और हत्या

विज्ञापन
विज्ञापन
सहसपुर। शंकरपुर से व्यापारी पप्पू गुप्ता के पांच वर्षीय बेटे अभय के अपहरण और हत्या के मामले में पुलिस ने नया खुलासा करते हुए तीसरे आरोपी को गिरफ्तार किया है। उसके पास से पुलिस ने फिरौती के लिए इस्तेमाल किए गए मोबाइल को भी बरामद किया है। तीसरे आरोपी शंकर राय पुत्र तीरों निवासी ग्राम मैसी पोस्ट अरोही दरभंगा बिहार। हाल निवासी मच्छीवाला जमनपुर थाना सेलाकुई को सभावाला तिराहे से गिरफ्तार किया गया।
विज्ञापन

थानाध्यक्ष नरेंद्र गहलावत ने बताया कि आरोपी शंकर राय वेल्डिंग का कार्य करता है। उसकी मुलाकात वर्ष 2006-2007 में अनीस सलमानी निवासी जमनपुर सेलाकुई और मोहम्मद अनीस निवासी पौंटा साहिब (हिमाचल प्रदेश) से हुई थी। तीनों तिरुपति फैक्टरी में काम करते थे। फिर मोहम्मद अनीस टैक्सी चलाने लगा। तीनों बीच-बीच में मिलते रहते थे। पैसों के लिए तीनों ने किसी बच्चे के अपहरण की योजना बनाई। अनीस सलमानी ने उसे मोहम्मद अनीस व पप्पू गुप्ता के बारे में बताया। योजना के तहत बीती नौ मार्च को अनीस सलमानी बच्चे को उठाकर शंकर राय की मदद से ही रामपुर लेकर आया। वहां पहले से ही मोहम्मद अनीस अपनी कार के साथ खड़ा था। अनीस सलमानी ने बच्चे को कार में बैठा दिया और वे दोनों वहां से चले गए। अगले दिन उसे पता चला कि दोनों ने बच्चे की हत्या कर दी है। इसके बाद वह घर से फरार हो गया। बता दें कि दो आरोपियों को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है।
........
लूटा था मोबाइल
फिरौती मांगने के लिए तीनों ने जनवरी में कटापत्थर के पास रोड किनारे बैठे व्यक्ति का फोन बात करने के बहाने से लूटा था। तीनों वहां दो अलग-अलग बाइकों से पहुंचे थे।
विज्ञापन

......
पुलिस ने दिखाई तत्परता : नवीन ठाकुर
भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता नवीन ठाकुर ने अपहरण और हत्या की घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि खुलासे को लेकर पुलिस ने पूरी तत्परता दिखाई। कुछ ही घंटों में इसका खुलासा कर दिया। उन्होंने कहा कि कुछ लोग पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठा रहे हैं, जो गलत है।
व्यापारी के यहां किराए पर रहता था आरोपी
आरोपी शंकर राय पूर्व में पप्पू गुप्ता के यहां किराये पर भी रहा, लेकिन वह अक्सर बच्चों को डांटा करता था। इस पर पप्पू गुप्ता ने उससे कमरा खाली करवा दिया था। वह यहां करीब चार माह तक रहा।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें