इसी बीच दो पुलिसकर्मियों ने उन्हें देखा और उन्हें ‘सम्मान सेवा’ के लिए लगे ऑटो में बैठने को कहा। ऑटो ने उन्हें उनके होटल वाह्इट हाउस छोड़ दिया। वे इस योजना से खासे प्रभावित हुए। कहा कि, बुजुर्गों और दिव्यांगों के लिए ये काफी अच्छी और मददगार होगी। इसके बाद बाद वे यातायात निदेशक केवल खुराना के पास धन्यवाद देने आए।
वहां उन्होंने जैसे ही जय हिंद कहा तो सभी लोग चौंक गए। उन्होंने उत्तराखंड सरकार की इस योजना की तारीफ करते हुए कहा कि ऐसी व्यवस्था तो अमेरिका में भी नहीं। वे इसका प्रचार अमेरिका में भी करेंगे।