सीईटीपी (संयुक्त उत्प्रवाह संशोधन संयंत्र) कनेक्शन नहीं लेने वाली सिडकुल की 134 फैक्ट्रियों पर बंदी की तलवार लटक गई है।
करीब दो माह पहले हुई बैठक में दिए गए निर्देश का संज्ञान नहीं लेने पर सिडकुल प्रशासन ने नाराजगी जताते हुए उद्यमियों को इसके लिए एक सप्ताह का समय दिया है। इस अवधि में कनेक्शन नहीं लेने वाली फैक्ट्रियों के खिलाफ सिलिंग की कार्रवाई की जाएगी। यह कवायद नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) के सख्त रवैये को देखते हुए की जा रही है।
सिडकुल में 550 फैक्ट्रियां हैं। इनमें से 472 इकाइयों में उत्पादन हो रहा है। लेकिन सीईटीपी कनेक्शन केवल 338 फैक्ट्रियों ने ही लिया हुआ है। शेष 134 इकाइयों से निकल रहा अपशिष्ट खुले नाले में बह रहा है। इससे सिडकुल और आसपास के नाले दूषित हो रहे हैं। पूर्व में इससे कई मवेशी मर चुके हैं।
सात अप्रैल को सिडकुल एमडी राजेश कुमार की उद्यमियों के साथ हुई बैठक में सभी फैक्ट्री प्रबंधकों से सीईटीपी कनेक्शन लेने के लिए कहा गया था। लेकिन किसी प्रबंधक की ओर से कनेक्शन के लिए आवेदन नहीं किया। सिडकुल प्रशासन ने मंगलवार को फिर इसको लेकर उद्यमियों की बैठक बुलाई।
इसमें कनेक्शन नहीं लेने नाराजगी जताते हुए उद्यमियों को सीईटीपी कनेक्शन के फार्म बांटे गए। साथ ही चेतावनी भी जारी की जो फैक्ट्री प्रबंधक एक सप्ताह के अंदर कनेक्शन नहीं लेगा उनकी इकाइयों के खिलाफ सिलिंग की कार्रवाई की जाएगी।
पहले एक होटल पर लग चुकी सील
खुले में गंदगी बहाने पर सिडकुल के होटल रेडिसन ब्लू पर पहले गाज गिर चुकी है। मई में राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से इस होटल को सील किया था। इसको लेकर खूब हो-हल्ला हुआ था।
इनसेट
फैक्ट्री वर्ग मीटर - शुल्क रुपए में
200 - 510 तक - 800
510- 1010 तक - 1100
1100- 2000 तक - 1500
अधिकतम - 1761
एक सप्ताह के अंदर सिडकुल की करीब 100 फैक्ट्रियां सीईटीपी कनेक्शन के आवेदन कर देंगी। एसोसिएशन की ओर से कनेक्शन के लिए अन्य उद्यमियों को सूचित किया जा रहा है। सभी प्रबंधक सिडकुल प्रशासन का सहयोग करेंगे।
- अनिल शर्मा, अध्यक्ष सिडकुल इंटरप्रीन्योर्स वेलफेयर एसोसिएशन
मंगलवार को उद्योगपतियों को सीईटीपी कनेक्शन के फार्म उपलब्ध करा दिए गए हैं। एक सप्ताह के अंदर कनेक्शन न लेने वाली वाली फैक्ट्रियों के खिलाफ सीलिंग की कार्रवाई की जाएगी।
- केएन नौटियाल, क्षेत्रीय प्रबंधक सिडकुल