इंजीनियरिंग की प्रवेश परीक्षा ज्वाइंट एंट्रेंस एग्जामिनेशन (जेईई) मेन 2018 में इस बार आधार कार्ड अनिवार्य है। इसके साथ ही छात्रों को आवेदन करते वक्त इन बातों को विशेष ध्यान रखना होगा।
इंजीनियरिंग की प्रवेश परीक्षा ज्वाइंट एंट्रेंस एग्जामिनेशन (जेईई) मेन 2018 में इस बार आधार कार्डके बिना ऑनलाइन आवेदन नहीं कर पाएंगे। सीबीएसई ने इसका प्राइमरी नोटिस जारी किया है, जिसमें यह जानकारी दी है। इसके मुताबिक आधार कार्ड की जानकारी से मिलान न होने पर आवेदन नहीं कर पाएंगे।
सीबीएसई ने उन सभी छात्रों के लिए अपील जारी की है जो कि जेईई मेन 2018 में शामिल होने जा रहे हैं। बोर्ड के मुताबिक हर भारतीय नागरिक को जेईई मेन ऑनलाइन आवेदन में अपना आधार कार्ड नंबर देना होगा। इसके अलावा नाम, जन्मतिथि और जेंडर भी अनिवार्य है। इनका अगर आधार कार्ड की डिटेल से मिलान नहीं होगा तो जेईई मेन का आवेदन नहीं कर पाएंगे।
सीबीएसई के मुताबिक सभी उम्मीदवारों को सलाह दी गई है कि वह आधार कार्ड पर अपना नाम, जन्मतिथि और जेंडर आदि सभी जानकारियां पहले ही दुरुस्त करा लें। यह सुनिश्चित कर लें कि यह सभी जानकारियां आपके स्कूल के प्रमाण पत्रों के मुताबिक हों।
अगर इसमें कोई खामी है तो इसका तुरंत सुधार कर लें। इसके बिना आवेदन नहीं कर पाएंगे। पहली बार बोर्ड ने जेईई मेन में आधार कार्ड की अनिवार्यता की है।
एनआईटी, ट्रिपल आईटी में दाखिले को 75 प्रतिशत अंक जरूरी
देश के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (एनआईटी), इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ इंफोर्मेशन टेक्नोलॉजी (ट्रिपल आईटी), सेंट्रल फंडेड टेक्निकल इंस्टीट्यूट (सीएफआईटी) में दाखिला लेने के लिए अब 12वीं के अंकों की अनिवार्य अर्हता इस साल भी पहले जैसे रहेगी। गत वर्ष बोर्ड ने तय किया था कि इसके लिए छात्र को 75 प्रतिशत अंक लाने अनिवार्य होंगे।
सीबीएसई की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक आईआईटी, ट्रिपल आईटी, एनआईटी, सीएफआईटी में दाखिलों की प्री प्रवेश परीक्षा जेईई मेन 2018 ही होगी। गत वर्ष तक इनमें से आईआईटी में दाखिले के लिए 12वीं में 75 प्रतिशत या बोर्ड के टॉप 20 परसेंटाइल का नियम लागू था जो कि अब बाकी संस्थानों के लिए भी लागू कर दिया गया है।
अब आईआईटी के साथ ही एनआईटी, ट्रिपल आईटी और सीएफआईटी में दाखिला लेने के लिए भी जेईई मेन परीक्षा के साथ ही छात्र को 12वीं में 75 प्रतिशत अंक लाने अनिवार्य होंगे। या अपने बोर्ड के टॉप 20 परसेंटाइल में नाम आना जरूरी है।
इससे कम अंक पर जेईई मेन में अच्छी रैंक होने के बावजूद इनमें से किसी भी तकनीकी संस्थान में एडमिशन नहीं मिलेगा। अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के लिए अंकों का यह क्राइटेरिया 75 के बजाए 65 प्रतिशत रखा गया है।