प्रदेश में जल्द आएगा जैविक कृषि अधिनियम
ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून। प्रदेश में जल्द जैविक कृषि अधिनियम लागू होगा। स्वतंत्रता दिवस पर परेड ग्राउंड में ध्वजारोहण के बाद मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने यह घोषणा की। उन्होंने कहा कि जैविक खेती के विकास के लिए 78 हजार हेक्टेयर कृषि भूमि पर 3900 कलस्टर चयनित किए जाएंगे। इसके अलावा उन्होंने भूस्खलन की दृष्टि से संवदेनशील गांवों को अगले 10 सालों में विस्थापित कर पुनर्वास की योजना लाने, प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं के लिए मेडिसिटी बनाने, शिक्षा क्षेत्र में श्वेत पत्र लाने की बात कही।
बुधवार को स्वतंत्रता दिवस पर मुख्यमंत्री का भाषण किसानों और गांवों के हालातों पर केंद्रित रहा। उन्होंने कहा कि प्रदेश में किसानों की हालत को सुधारने के लिए सरकार हरसंभव प्रयास कर रही है। प्रदेश में ज्यादातर किसान छोटी जोत के हैं, लिहाजा उनकी हालत जैविक खेती से सुधर सकती है। जैविक खेती के विकास को 78 हजार हेक्टेयर भूमि चयनित की गई है। इससे प्रदेश के कुल एक लाख 95 हजार किसान लाभान्वित होंगे। साल 2018-19 में 550 फार्म मशीनरी बैंक स्थापित किए जाएंगे। इससे किसान अपनी जरूरत के हिसाब से मशीनरी को किराए पर ले सकेंगे। इसके साथ किसानों से उनके उत्पाद खरीदने के लिए मंडी परिषद में 10 करोड़ रुपये के रिवाल्विंग फंड की व्यवस्था की जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि लोगों को बेहतर स्वास्थ्य देने के लिए मेडिसिटी का निर्माण किया जाएगा। यहां अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं उपलब्ध होंगी। इसके अलावा आयुष्मान भारत आयुष्मान उत्तराखंड योजना के तहत राज्य में सभी परिवारों को कवर किया जाएगा। प्रदेश में जल्द ही शिक्षा की स्थिति पर सरकार श्वेत पत्र लाएगी। प्रदेश में खाली हो रहे स्कूलों को पीपीपी मोड पर चलाया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि लगभग 700 गांव पूरी तरह से खाली हो चुके हैं। ऐसे गांवों को पुन: आबाद करने के लिए योजना बनाई जाएगी। जरूरी होने पर खाली भूमि का अधिग्रहण कर इसका उपयोग खेती, बागवानी, पर्यटन व अन्य काम करने में किया जा सकता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2019 तक हर घर को बिजली देने के लक्ष्य की ओर तेजी से बढ़ रहे हैं। नैनीताल से देहरादून के लिए जल्द ही एक जन शताब्दी ट्रेन शुरू की जाएगी।
10 साल में संवेदनशील गांवों का विस्थापन व पुनर्वास
सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि भूस्खलन के लिहाज से संवेदनशील सभी गांवों का 10 साल में चरणबद्ध तरीके से विस्थापन व पुनर्वास किया जाएगा। इन गांवों के पुनर्वास के लिए बजट में अलग से मद की व्यवस्था कर दी गई है। देहरादून में सड़कों के चौड़ीकरण एवं सौंदर्यीकरण का कार्य तेजी से किया जाएगा। इसके लिए 77 करोड़ रुपये की धनराशि स्वीकृत कर दी गई है। समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित वृद्धावस्था पेंशन योजना के अंतर्गत अभी तक परिवार में पात्र पति पत्नी में से दोनों के जीवित होने पर किसी एक को ही पेंशन योजना का लाभ मिलता है। अब उक्त योजना के तहत पति पत्नी के जीवित होने पर दोनों को ही पेंशन योजना का लाभ अनुमन्य किया जाएगा।
इनका किया सम्मान
मुख्यमंत्री ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों को शॉल भेंट कर सम्मानित किया। साथ ही उन्होंने पुलिस उपाधीक्षक बीएल टम्टा, बीरेंद्र सिंह रावत, महेश चंद्र जोशी, निरीक्षक भगवान सिंह, वीरेंद्र दत्त उनियाल, दलनायक ओमप्रकाश भट्ट को ‘मुख्यमंत्री सराहनीय सेवा पदक’ से सम्मानित किया। ‘पुलिस प्रशिक्षण में उत्कृष्टता के लिए केंद्रीय गृह मंत्री मेडल’ 2015-16 के लिए चयनित उपनिरीक्षक मोहन गिरि व प्लाटून कमांडर नरेश चंद्र जखमोला को भी सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में भारत तिब्बत सीमा पुलिस के बैंड व संस्कृति विभाग के कलाकारों ने आकर्षक प्रस्तुतियां दीं।