ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
क्रिकेट एसोसिएशन के मसले के निपटाने के बाद खेल मंत्री अरविंद पांडेय अब खेल संघों के पेंच कसेंगे। इसके लिए उन्होंने 16 जुलाई को सचिवालय में सभी ओलंपिक और गैर ओलंपिक खेल संघों के पदाधिकारियों की बैठक बुलाई है। इसके अलावा सभी संघों के अध्यक्ष और सचिव को आज तक हुए कार्यों का ब्योरा भी साथ लाने के निर्देश दिए हैं।
राज्य बनने के बाद सबसे ज्यादा झगड़ा क्रिकेट एसोसिएशनों के बीच रहा। राज्य की चारों क्रिकेट एसोसिएशन तमाम मुद्दों पर अक्सर एक-दूसरे की टांग खींचती रहीं। नतीजतन इसका खामियाजा प्रदेश के क्रिकेटरों को भुगतना पड़ा और राज्य गठन के 18 साल बाद भी बीसीसीआई की मान्यता नहीं मिल सकी। खेल मंत्री बनने के बाद अरविंद पांडेय ने चारों एसोसिएशन के पदाधिकारियों को एकजुट करने कोशिश की। इसमें वह आंशिक रूप से सफल भी रहे, जिसका फायदा मान्यता के मुद्दे पर मिला है। इसके बाद अब खेल मंत्री ने अन्य खेल संघों में सुधार की कवायद में जुट गए हैं। उन्होंने कुछ दिन पहले इसके भी संकेत दिए थे। खेल मंत्री ने कहा कि सभी खेल संघों से उनके कामकाज के बारे में जानकारी मांगी गई है। केवल नाम के लिए चल रहे संघों के बजाय काम करने वालों को आगे किया जाएगा।