ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
उत्तराखंड परिवहन निगम के सेवानिवृत्त कर्मचारियों ने मांगें पूरी नहीं होने पर जून के पहले सप्ताह में मुख्यालय में धरना प्रदर्शन करने की चेतावनी दी है। यह निर्णय रविवार को गांधी रोड स्थित मंडलीय प्रबंधक कार्यालय में सेवानिवृत्त रोडवेज कर्मचारी कल्याण समिति की बैठक में लिया गया।
अर्जुन दत्त की अध्यक्षता में हुई बैठक में देहरादून के साथ कोटद्वार, हरिद्वार, रुड़की, ऋषिकेश आदि के सेवानिवृत्तकर्मी एकत्र हुए। सेवानिवृत्त कर्मचारियों ने कहा कि कर्मचारी भविष्य निधि संगठन से जो सूचनाएं मांगी गई, वे अधूरी हैं। सेवानिवृत्तकर्मियों के भुगतान एवं अन्य समस्याओं को लेकर बीती 23 फरवरी को प्रबंध निदेशक परिवहन से वार्ता तय की गई, लेकिन प्रबंध निदेशक ने नहीं बुलाया गया। इसके कारण सेवानिवृत्त कर्मचारियों में रोष है। निर्णय लिया गया कि अगर मांगें पूरी नहीं होती है तो जून के पहले सप्ताह से मुख्यालय प्रांगण में अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन किया जाएगा। इस दौरान समिति अध्यक्ष सुरेश डंगवाल, नरेंद्र त्यागी, रामपाल सिंह, भोपाल सिंह, मोहन सिंह नेगी, शिव नारायण, नरेश आदि ने भी विचार रखे। संचालन संजीव डोभाल ने किया। इस अवसर पर सचिव सुभाष शाह, वेद रजत, राधेश्याम, नरेश गुप्ता, सतपाल सैनी, कैलाश, संतोष, अनिल एवं जय गोविंद आदि उपस्थित थे।
सेवानिवृत्त रोडवेज कर्मचारियों की प्रमुख मांगें
- वरिष्ठता के आधार पर भुगतान किया जाए।
- वर्ष 2008-09 एवं 2010 में विभाग से सेवानिवृत्त कार्मिकों को छठे पे कमीशन का लाभ मिले।
- नियमित कर्मचारियों की तरह बस में यात्रा के लिए पांच पारिवारिक दिए जाएं।
- स्वैच्छिक सेवानिवृत्त कार्मिकों को परिचालक एवं कार्यालय में संविदा पर कार्य करने की अनुमति मिले।
- सेवानिवृत्त तिथि पर ही कर्मचारी के सभी देयकों का भुगतान किया जाए।