ब्यूरो/अमर उजाला।
देहरादून। राज्य के सभी प्राथमिक और उच्च प्राथमिक स्कूलों में अब शिक्षकों और शिक्षणेत्तर कर्मचारियों को फोटोयुक्त प्रोफाइल स्कूल के नोटिस बोर्ड पर लगाना अनिवार्य कर दिया है। इस संबंध में समग्र शिक्षा अभियान की राज्य परियोजना निदेशक ज्योति यादव ने सभी मुख्य शिक्षा अधिकारियों को आदेश जारी कर दिए हैं। शिक्षा विभाग ने बच्चों की सुरक्षा और ‘प्रॉक्सी टीचिंग’ पर अंकुश लगाने के लिए यह कदम उठाया गया है।
आदेश में कहा गया है कि सभी विद्यालयों के प्रधानाचार्य सुनिश्चित करें की उनके यहां कार्यरत सभी शिक्षकों और शिक्षणेत्तर कर्मचारियों का फोटोयुक्त प्रोफाइल डाटा स्कूल के डिस्प्ले बोर्ड पर 10 फरवरी से पहले चस्पा कर दिया जाए। साथ ही इसकी जानकारी निदेशालय को भी मुहैया कराएं। प्रोफाइल डाटा में शिक्षकों के नाम, पते, उनकी शैक्षिक योग्यता, विद्यालय में कार्य की अवधि, उनके विषय, मोबाइल फोन नंबर, यदि कोई पुरस्कार मिला है तो उसकी जानकारी, विशेषज्ञता समेत सभी जानकारियां मुहैया कराई जाए। शिक्षकों का फोटोयुक्त प्रोफाइल डाटा डिस्पले बोर्ड पर लगाने का मकसद ‘प्रॉक्सी टीचर’ की व्यवस्था पर अंकुश लगाना है।
क्या है ‘प्रॉक्सी टीचिंग’
राज्य में कई ऐसे स्कूल हैं जहां नियमित अध्यापक स्कूलों से खुद गायब रहते हैं। अपनी जगह पर वह पढ़ाने के लिए कुछ रुपये देकर दूसरे लोगों को रखते हैं। इसे रोकने के लिए शिक्षा विभाग ने कई कदम उठाए हैं, लेकिन शत-प्रतिशत अंकुश नहीं लग पा रहा है।