ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून। यूपीसीएल की लाख कोशिशों के बाद भी सेलाकुई औद्योगिक क्षेत्र में बिजली आपूर्ति पटरी पर नहीं लौट रही है। शुक्रवार को आकाशीय बिजली गिरने से इंसुलेटर फुंकने से 11 घंटे आपूर्ति बाधित रहने से क्षेत्र की 250 औद्योगिक इकाइयों में उत्पादन पूरी तरह ठप रहा। करोड़ों का नुकसान होने पर उत्तराखंड इंडस्ट्रियल वेलफेयर एसोसिएशन ने यूपीसीएल पर फैक्ट्री संचालकों के हितों की अनदेखी का आरोप लगाते हुए रोष जताया।
सेलाकुई औद्योगिक क्षेत्र में शुक्रवार को 11 घंटे बिजली आपूर्ति ठप रही। फैक्ट्री मालिकों ने जब यूपीसीएल से इस संबंध में जानकारी ली तो उन्हें बताया गया कि लाइन में फाल्ट आने से आपूर्ति नहीं हो रही है। इस संबंध में जब यूपीसीएल के मुख्य अभियंता एके सिंह से जानकारी ली गई तो उन्होंने बताया कि हाईटेंशन लाइन पर आकाशीय बिजली गिरने से इंसुलेटर में खराबी आने से आपूर्ति में दिक्कत आ रही है। देर रात इंसुलेटर बदल कर क्षेत्र की आपूर्ति बहाल की गई।
उत्तराखंड इंडस्ट्रियल वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष अनिल मारवाह और महासचिव पवन अग्रवाल का कहना है कि दो दिन पहले भी क्षेत्र में घंटों बिजली कटौती की गई थी। जबकि इकाइयों को स्थापित करते समय सरकार और यूपीसीएल अफसरों ने आश्वासन दिया था कि इकाइयों को 24 घंटे बिजली आपूर्ति की जाएगी, लेकिन हकीकत यह है कि फैक्ट्री संचालकों को बिजली की आए दिन किल्लत का सामना करना पड़ रहा है। सेलाकुई औद्योगिक क्षेत्र में 220 केवी सबस्टेशन लगाने की मांग चार साल से की जा रही है बावजूद सब स्टेशन नहीं लग पा रहा है। पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि सरकार का यही रवैया रहा तो धीरे-धीरे उद्यमी औद्योगिक क्षेत्रों से अपने-अपने उद्योगधंधों को समेटना शुरू कर देंगे।